डिस्कस थ्रो में भारत को एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक दिलाने वाली मेरठी बहू सीमा पूनिया और मेरठ के शूटर सर्वेश यादव को प्रदेश सरकार ने यश भारती पुरस्कार से सम्मानित किया।
सीमा की अनुपस्थिति में मुख्यमंत्री ने उनके ससुर को यह पुरस्कार दिया। सम्मान मिलने पर परिवार में खुशी का माहौल है।
सीमा पूनिया मूल रूप से हरियाणा के खेवड़ा गांव की रहने वाली हैं। उनकी शादी सकौती टांडा निवासी अंकुश पूनिया पुत्र तेजपाल सिंह से हुई है। अंकुश सीमा के कोच भी हैं। सीमा इस समय अपने पति के साथ अमेरिका में हैं।
वे रियो ओलंपिक की तैयारी कर रही हैं। अवार्ड मिलने पर ससुर तेजपाल, सास राजकुमारी, जेठ अनुज और जेठानी आस्था ने भी खुशी जताई। फोन पर हुई बातचीत के दौरान सीमा ने कहा कि यह अवार्ड उनके लिए काफी मायने रखता है। उन्होंने मुख्यमंत्री को शुक्रिया कहा। खेल के बढ़ावे के लिए उन्होंने पुरस्कारों को जरूरी बताया।
सीमा की उपलब्धियां
2000 : जूनियर वर्ल्ड चैंपियनशिप मेें गोल्ड
2001: जूनियर एशिया चैंपियनशिप में रजत
2002: जूनियर वर्ल्ड चैंपियनशिप वेस्टइंडीज में कांस्य
2002: जूनियर एशियन चैंपियनशिप बैंकाक में कांस्य
2010: दिल्ली कॉमनवेल्थ गेम्स में कांस्य
2014: स्कॉटलैंड में कॉमनवेल्थ गेम्स में रजत ।
2015: इंचियोन में हुए एशियन गेम्स में गोल्ड।
शूटर सर्वेश का भी सम्मान
शूटर सर्वेश यादव को भी सीएम ने यश भारतीय पुरस्कार से सम्मानित किया है। सर्वेश इन दिनों मेरठ के गंगानगर कॉलोनी में शूटिंग रेंज चला रहे हैं। वह कई अंतरराष्ट्रीय शूटर तैयार कर चुके हैं। उन्होंने सम्मान के लिए सीएम को शुक्रिया कहा है।