मेरठ..कंवलजीत..मोहनपुरी की महिलाओं ने मोहनपुरी बिजली घर पर स्मार्ट मीटर को लेकर किया हंगामा SE
शहर में बिजली समस्याओं को लेकर चारों ओर हाहाकार मचा हुआ है। एक तरफ भीषण गर्मी में बार-बार हो रही बिजली कटौती ने लोगों का जीना मुहाल कर रखा है वहीं स्मार्ट प्रीपेड मीटर उपभोक्ताओं के लिए गले की फांस बन गए हैं। रिचार्ज करने के बावजूद बिजली न जुड़ने से नाराज महिलाओं का धैर्य शुक्रवार को जवाब दे गया। मोहनपुरी उपकेंद्र पर आयोजित कैंप में महिलाओं ने न केवल हंगामा किया बल्कि अधीक्षण अभियंता को चूड़ियां तक भेंट कर डालीं। करीब तीन घंटे तक अधिकारियों को वहीं बिठाए रखा।
शुक्रवार को ऊर्जा विभाग द्वारा मोहनपुरी बिजली उपकेंद्र पर स्मार्ट प्रीपेड मीटर की समस्याओं के निस्तारण के लिए कैंप लगाया गया था। कैंप शुरू होते ही रिचार्ज न होने, बैलेंस कटने के बाद भी बिजली न आने और भारी-भरकम बिल की शिकायतों का अंबार लग गया। दोपहर तक 80 से अधिक शिकायतें दर्ज की जा चुकी थीं। इसी बीच क्षेत्रीय पार्षद उत्तम सैनी के नेतृत्व में भारी संख्या में महिलाएं कैंप में पहुंचीं। समस्याओं का ठोस समाधान न मिलता देख महिलाओं ने अधिकारियों पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए। आक्रोशित महिलाओं ने कैंप में मौजूद अधीक्षण अभियंता मोहम्मद अरशद को चूड़ियां भेंट करते हुए कहा, अगर जनता की समस्याओं का समाधान नहीं कर सकते, तो ये चूड़ियां पहन लो। महिलाओं ने अधिकारियों को लगभग तीन घंटे तक वहीं बिठाए रखा और बाहर नहीं जाने दिया।
प्रीपेड मीटर बना मुसीबत
क्षेत्र की महिला तारावती और सरोज ने बताया कि जब से स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगे हैं तब से बिल का कुछ पता नहीं चलता। अक्सर बैलेंस अचानक माइनस में चला जाता है और बिना सूचना के कनेक्शन काट दिया जाता है। दोबारा बिजली जुड़वाने में उपभोक्ताओं को भारी मानसिक और आर्थिक प्रताड़ना झेलनी पड़ रही है। हंगामे को बढ़ता देख अधिकारियों ने समस्या निस्तारण के लिए 15 दिन का समय मांगा। इस दौरान गौतम अग्रवाल, सागर यादव, अमीषा, सोनम, बबीता, सुनील सैनी समेत बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।
श्रद्धापुरी में 5 घंटे गुल रही बिजली, जनता त्रस्त
कंकरखेड़ा क्षेत्र के श्रद्धापुरी में बिजली की बदहाली का बुरा हाल रहा। यहां सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे तक बिजली गुल रहने के कारण उपभोक्ताओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। इसके अलावा शहर के अन्य हिस्सों में भी ट्रिपिंग और लो-वोल्टेज की समस्या बनी रही। उपभोक्ताओं ने टोल फ्री नंबर 1912 पर भी अपनी शिकायतें दर्ज कराईं लेकिन घंटों तक कोई राहत नहीं मिली।