मेरठ। हाईकोर्ट बेंच की मांग के लिए बंद के दौरान महिला अधिवक्ताओं ने बेगम पुल पर धरना-प्रदर्शन किया। इसके चलते लगभग आधे घंटे तक पहां पर यातायात बाधित रहा। प्रदर्शन में काफी संख्या में महिला अधिवक्ताओं ने भाग लिया और अपनी मांग के समर्थन में नारेबाजी की।
केंद्रीय संघर्ष समिति के आह्वान पर आयोजित बंद में महिला अधिवक्ताओं ने अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। आंदोलन को जन-जन तक पहुंचाने के लिए महिला अधिवक्ताओं ने वाहनों में सवार होकर शहर भर में भ्रमण किया और व्यापारियों तथा सामाजिक संगठनों से बंद को सफल बनाने का आवाहन किया। इस दौरान, उन्होंने लोगों को जागरूक करने का भी प्रयास किया। दोपहर करीब 12:00 बजे महिला अधिवक्ता बेगम पुल पर पहुंचीं और अपनी मांग के समर्थन में धरना-प्रदर्शन शुरू किया। तभी बंद को सफल बनाने के लिए भ्रमण पर निकले अन्य अधिवक्ताओं के वाहन भी वहां आ गए। हाईकोर्ट बेंच की मांग के लिए यहां जमकर नारेबाजी की गई। इससे बेगम पुल पर जाम की स्थिति बन गई।
बेगमपुल के सभी मार्गो पर वाहनों की लंबी लाइन लग गई। पुलिस को व्यवस्था संभालने में परेशानी हुई। लगभग आधे घंटे तक जाम की स्थिति बनी रही। इसके बाद महिला अधिवक्ताओं ने स्वयं व्यवस्था संभाली और अवाहनों का संचालन सुचारु कराया। महिलाओं ने यहां करीब एक घंटे तक धरना प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन में उर्वशी चौधरी, मिनल गौतम, संतोष कुमारी पटेल, कोमल चौहान, मोनिका गौड़, प्रीति पंवार, अर्शिया जैन, गजाला, पिंकी, रश्मि चौधरी, हिना नकवी, फरहान सहित कई अन्य महिला अधिवक्ता शामिल रहीं। प्रदर्शन के बाद महिला अधिवक्ता वाहनों में बैठकर प्रदर्शन और बंद को सफल बनाने के लिए व्यापारी व सामाजिक संगठनों का आभार व्यक्त करते हुए कचहरी पहुंचीं। वे यहां पहले से चल रहे धरने में शामिल हुईं।