यूपी के बागपत में डॉक्टरों की लापरवाही से एक महिला की मौत हो गई। यहां एक सरकारी अस्पताल में एक महिला का पथरी निकालने के लिए ऑपरेशन करने के बाद तौलिया और बैंडेज महिला के पेट में ही छोड़ दिया और टांके लगा दिए।
महिला की हालत बिगड़ी तो उसे दिल्ली के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां चिकित्सकों ने ऑपरेशन करने के बाद महिला के पेट से तौलिया निकाला। उनकी हालत गंभीर बनी हुई थी जिसके बाद मंगलवार को महिला ने दम तोड़ दिया।
बताया गया कि बागपत जनपद निवासी निशा बेगम को पेट में दर्द की शिकायत थी। छह माह पहले वह एक सरकारी अस्पताल में चेकअप के लिए गई तो वहां उसे पथरी बताई गई। ऑपरेशन की सलाह पर निशा अस्पताल में भर्ती हुईं जहां चिकित्सकों ने ऑपरेशन के बाद तौलिया और बैंडेज उनके पेट में ही छोड़ दिया और टांके लगा दिए। तीन दिन अस्पताल में रखने के बाद महिला को घर भेज दिया गया।
पथरी का ऑपरेशन होने के बावजूद निशा बेगम के पेट में दर्द की शिकायत कम नहीं हुई। महिला को फिर से अस्पताल लाया गया जहां उसे दवा दी गई और आराम होने की बात कहकर घर भेज दिया लेकिन उसे कोई राहत नहीं मिली।
तीन बार महिला को अस्पताल में भर्ती किया गया लेकिन उसे आराम नहीं हुआ। आखिरकार पिछले माह निशा बेगम के पति कौशिद उन्हें दिल्ली के एक अस्पताल ले गए जहां डॉक्टरों ने महिला को 15 दिन तक चेकअप और जांच कराने के बाद उनके पेट में तौलिया होने की बात बताई।
30 अक्तूबर को डॉक्टरों ने निशा का ऑपरेशन कर पेट से तौलिया और बैंडेज निकाले। डॉ. पी. के. गोविल के अनुसार महिला की स्थिति गंभीर बनी हुई थी। सरकारी अस्पताल के चिकित्सकों की लापरवाही से महिला की मौत हो गई।