फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

क्या रद्द हो जाएगी इन 100 मदरसों की मान्यता? योगी सरकार की कार्रवाई जारी

Sun, 07 Jan 2018 08:13 PM IST
यूपी डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर
विज्ञापन
मदरसे
विज्ञापन

सहारनपुर में मदरसों के नाम पर फर्जीवाड़ा करने वालों के खिलाफ योगी सरकार की कार्रवाई जारी है। जनपद में 100 मदरसे ऐसे हैं जिन्होंने न तो अब तक ऑनलाइन पंजीकरण कराया है और न ही उनके मान्यता संबंधी मानक पूरे हैं। इन मदरसों की मान्यता खतरे में हैं। 29 जनवरी तक ऑनलाइन पंजीकरण होना है। यदि इस अवधि तक मदरसों की ओर से जवाब नहीं आया तो उन पर कार्रवाई तय है। इससे पूर्व की कार्रवाई में 17 मदरसों की मान्यता रद्द हो चुकी है।

विज्ञापन


बता दें कि जिले में 754 मदरसे मान्यता प्राप्त थे। प्रदेश सरकार ने मदरसा संचालकों को ऑनलाइन पंजीकरण कराने के निर्देश दिए थे। सहारनपुर में 129 मदरसा संचालकों ने पंजीकरण नहीं कराया था। 29 मदरसा संचालकों को जिला अल्पसंख्यक विभाग ने नोटिस भेजा था। इनमें से 12 मदरसों ने ही जवाब दिया। बाकी 17 मदरसों की पिछले दिनों तत्काल प्रभाव से मान्यता रद्द की गई थी। अब 100 मदरसे बाकी हैं, जिन्होंने पंजीकरण नहीं कराया है। शासन ने पोर्टल पर पंजीकरण कराने की अंतिम तिथि को 29 जनवरी कर दी है। 

जिला अल्पसंख्यक अधिकारी पुष्पेंद्र सिंह ने बताया कि निर्धारित तिथि तक इन मदरसों ने अगर पंजीकरण नहीं कराया तो सरकार के निर्देशानुसार इनकी मान्यता रद्द की जाएगी। बाकी मदरसों की जांच चल रही है। नोटिस भेजने पर इन मदरसा संचालकों द्वारा विभाग को संतोष जनक जवाब नहीं दिया गया था। जांच के बाद इन मदरसों पर भी कार्रवाई होगी। मदरसों के नाम पर फर्जीवाड़ा नहीं होने दिया जाएगा।
विज्ञापन


पढ़ें : मदरसों में फर्जीवाड़े का खुलासा, शिक्षक नकली, फिर भी भुगतान असली

विज्ञापन

बड़े पैमाने पर चल रहा फर्जीवाड़ा

मदरसा
जिले में मदरसों के नाम पर बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़े का खेल चल रहा है। प्रदेश में योगी सरकार का गठन हुए दस माह चुके हैं। सरकार बनते ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मदरसों के ऑनलाइन पंजीकरण के निर्देश दिए थे। इसके लिए बार-बार तिथि बढ़ाई गई। लेकिन जनपद में 129 मदरसा संचालकों ने रजिस्ट्रेशन नहीं कराया। पहले चरण की कार्रवाई में जिला अल्पसंख्यक विभाग ने 29 मदरसों को नोटिस भेजे थे। इनमें से 12 ने ही जवाब दिया था। अब 100 मदरसों को नोटिस जारी किए गए हैं। लेकिन किसी मदरसा संचालक की ओर से जवाब नहीं दिया गया। विभागीय सूत्रों की माने तो यह 100 मदरसे सिर्फ कागजों में चल रहे हैं। सरकार के निर्देशानुसार इन मदरसों की मान्यता रद्द की जाएगी। 

मुकदमा कायम कराएगा विभाग 
मदरसों के नाम पर फर्जीवाड़ा कर सरकार से आर्थिक सहायता प्राप्त करने वाले लोगों के खिलाफ जल्द जिला अल्पसंख्यक विभाग की ओर रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी। रिकवरी के लिए भी मदरसा संचालकों को नोटिस भेजे जाएंगे। जिला अल्पसंख्यक अधिकारी पुष्पेंद्र सिंह ने बताया कि जांच के बाद संबंधित थाने में एफआईआर होगी। 

एक व्यक्ति के नाम पर चल रहे कई मदरसे
विभागीय सूत्रों की माने तो मदरसों में फर्जीवाड़े का खेल काफी समय से चल रहा था। थजिले में एक व्यक्ति के नाम कई मदरसे चल रहे हैं। कुछ लकोग इसकी शिकायत भी विभाग को कर चुके हैं। सूत्रों बताते हैं कि इनमें से ज्यादातर मदरसे कागजों में चल रहे हैं। अस्तित्व में कहीं भी कोई मदरसा नहीं है। विभाग ने जांच शुरू कर दी है।

शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें

https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें