मेरठ-दिल्ली एक्सप्रेसवे को ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे तक किया गया तैयार
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। एक महीने बाद मेरठ से दिल्ली का सफर मिनटों में किया जा सकेगा। दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर अब अंतिम चरणों का कार्य किया जा रहा है। अभी भी वाहन एक्सप्रेसवे पर 120 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से दौड़ रहे हैं। एक्सप्रेसवे के चौथे चरण में डासना से मेरठ तक तैयार की गई इस सड़क को बनाने में काफी रुकावटें आईं, लेकिन जीआर इंफ्रा ने तेजी से कार्य करते हुए फिलहाल इसे पूरा कर दिया है। परतापुर इंटरचेंज से ईपीई तक एक्सप्रेसवे बनकर तैयार है। मात्र 20 मिनट में परतापुर से ईपीई तक वाहन पहुंच रहे हैं।
32 किमी के इस चरण में डिवाइडर पर पॉम सहित अन्य प्रजाति के पौधे लगाए जा रहे हैं, जिससे परतापुर से चलने एक अलग नजारा दिखाई दे। इसे अलावा डिवाइडर के बीच में लाइटों को लगाने का कार्य किया जा रहा है। परतापुर इंटरचेंज पर बने पहले अंडरपास के ऊपर से बृहस्पतिवार शाम को देहरादून से मोदीनगर की और जाने वाले छोटे व बड़े वाहनों का आवागमन शुरू हो गया। इस आवागमन से परतापुर बाईपास पर लगने वाले जाम से निजात मिल जाएगी। बाईपास स्थित वाटर पार्क से ओवरब्रिज तक फ्लाईओवर दो दिन पहले तैयार कर दिया गया था। जिसको फाइनल टच देने के बाद गुरुवार को सभी छोटे व बडे़ वाहनों के लिए खोल दिया गया। शाम के समय वाहनों की अधिकता के कारण ओवरब्रिज के नीचे जाम की स्थिति बनी रही। अब देहरादून से दिल्ली को जाने वाले वाहन परतापुर इंटरचेंज पर बने पहले अंडरपास के ऊपर से जा सकेंगे।