मेरठ। अब जिले में होने वाली बैठक और सरकारी विभागों में मिट्टी के गिलास और कुल्लड़ का उपयोग ही किया जाएगा। यह आदेश मेरठ पहुंचे माटी कला बोर्ड के अध्यक्ष धर्मवीर प्रजापति ने दिए। विकास भवन सभागार में प्रजापति समाज और अधिकारियों के साथ बैठक कर उन्होंने कई अहम आदेश दिए। उन्होंने इस आदेश को एडीएम प्रशासन रामचंद्र को नोट कराया। प्रजापित समाज के लोगों ने उन्हें मिट्टी का प्रेशर कुकर, पानी की बोतल भी भेंट की।
प्रदेश में नवगठित माटी कला बोर्ड के अध्यक्ष धर्मवीर प्रजापति ने जिले का दौरा कर प्रजापति समाज के लोगों से बातकर उनकी समस्याओं के निस्तारण का आश्वासन दिया। बैठक की अध्यक्षता करते हुए उन्होंने कहा कि हर जिले में दो या तीन समितियां बनाई जाएंगी। प्रदेश में 2300 महिला व पुरुषों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण तीन, सात, 15 दिन का होगा। इस अवधि में नि:शुल्कभोजन व रहने की व्यवस्था की जायेगी।
हर जनपद में एक-एक दुकान बनाई जायेगी, जहां प्रदेश और उसके बाहर बनने वाले मिट्टी के बर्तनों को बेचा जाएगा। इसकी ऑनलाइन बिक्री की व्यवस्था भी कराई जाएगी। तहसील में होने वाले संपूर्ण समाधान दिवस पर बाहर एक मेज लगाकर उसमें मिट्टी के बर्तनों व अन्य सामानों को प्रदर्शित किया जाएगा। उन्होेंने कहा कि मिट्टी से बनी चीजों व बर्तनों का उपयोग करने से स्वास्थ्य हानि नही होती है। मिट्टी के बर्तन पर्यावरण संतुलन व समाज को प्रदूषण मुक्त रखने में सहायक हैँ। इस अवसर पर एडीएम प्रशासन रामचन्द्र, एसडीएम सरधना अमित कुमार, तहसीलदार मेेरठ, मवाना, सरधना, सीओ कोतवाली दिनेश शुक्ला आदि मौजूद रहे।