फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP: मेरठ की इस पुरानी जामा मस्जिद को हटाकर जमीन खाली करने का नोटिस, सात दिन का दिया समय

Sun, 14 Jun 2026 10:53 AM IST
Mohd Mustakim अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ

सार

Meerut News: खरखौदा थाने की जमीन पर बनी जामा मस्जिद का अवैध निर्माण हटाने का नोटिस इमाम को दिया गया है। आवास निर्माण के लिए पैमाइश के बाद राजस्व विभाग ने रिपोर्ट दी है, जिस पर कार्यवाही की जा रही है। 
विज्ञापन
इमाम को नोटिस देती पुलिस। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आवासीय कॉलोनी के निर्माण के लिए पैमाइश के दौरान खरखौदा थाने की जमीन पर मस्जिद का निर्माण अवैध रूप से किए जाने की जानकारी मिली है। राजस्व विभाग की रिपोर्ट के बाद पुलिस ने शनिवार को मस्जिद के इमाम को सात दिन में अवैध निर्माण हटाने का नोटिस जारी कर दिया। मस्जिद का अवैध निर्माण हटाकर भूमि को खाली नहीं किया जाता तो पुलिस इस जमीन को कब्जा मुक्त कराएगी। उधर, इमाम अब्दुल गफ्फार ने मस्जिद को वक्फ बोर्ड की संपत्ति बताकर खाली करने से इन्कार कर दिया है।
विज्ञापन

 

राजस्व टीम की पैमाइश के दौरान थाने वाली मस्जिद के नाम से मशहूर जामा मस्जिद का निर्माण अवैध पाए जाने के बाद खरखौदा पुलिस ने इमाम अब्दुल गफ्फार को बुलाकर दस्तावेज तलब किए। पुलिस का कहना है कि इमाम मस्जिद से संबंधित कोई साक्ष्य या दस्तावेज नहीं दिखा सके। इसके बाद पुलिस ने मस्जिद का निर्माण अवैध बताते हुए थाने की जमीन खाली करने के लिए कहा है।

साथ ही सात दिन में संबंधित दस्तावेज पेश न करने पर अवैध निर्माण हटाने का नोटिस जारी किया है। पुलिस के मुताबिक शहर से करीब 17 किमी दूर मेरठ-बुलंदशहर मार्ग पर खरखौदा थाना आजादी के पहले से बना हुआ है। थाने में बनी इमारत अंग्रेजी शासन काल के समय की है। राजस्व विभाग के अभिलेखों में करीब 1400 साल से खसरा नंबर 1217 में 6450 वर्ग मीटर रकबा थाने के नाम अंकित है। बाद में थाने की जमीन पर अवैध रूप से मस्जिद का निर्माण कर लिया गया है।
 

इमाम का दावा... 1985 में वक्फ बोर्ड के नाम हो गई थी जमीन
मस्जिद के इमाम अब्दुल गफ्फार का कहना है कि वर्ष 1985 में ही मस्जिद की जमीन वक्फ बोर्ड के नाम हो गई थी। इसका प्रमाण उनके पास है। यह प्रमाण थाना पुलिस को दे दिया गया है।
कोट

 
विज्ञापन

ये बोले अधिकारी
अभिलेखों में वह जमीन थाने के नाम करीब 1400 साल से दर्ज है। राजस्व विभाग की रिपोर्ट के अनुसार थाने की जमीन पर ही अवैध रूप से मस्जिद का निर्माण किया गया है। वैधानिक कार्रवाई करते हुए इमाम को नोटिस देकर सात दिन में अवैध निर्माण हटाने के लिए कहा गया है।
-प्रमोद कुमार सिंह, सीओ किठौर।

थाने की जमीन से अवैध निर्माण हटाने के लिए नोटिस दिया गया है। अगर स्वयं अवैध निर्माण नहीं हटाया जाता तो पुलिस-प्रशासन की ओर से अवैध निर्माण हटाने की कार्रवाई की जाएगी।
- अभिजीत कुमार, पुलिस अधीक्षक देहात


 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें