कार्यक्रम में उपस्थित लोग।
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आयोजक चौधरी विनीत भराला ने प्रो. रामगोपाल यादव, सांसद हरेंद्र मलिक, इकरा हसन, पंकज मलिक का स्वागत किया। अतिथियों ने स्व. चौधरी सत्यप्रकाश भराला के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। रामगोपाल यादव ने मंच से सत्यपाल मलिक का मुद्दा उठाया। कहा कि भाजपा ने सत्यपाल मलिक का अपमान किया है।
कहा कि वह पूरी बिरादरी को बताना चाहते हैं कि सत्यपाल मलिक के साथ क्या हुआ। मलिक साहब जब मृत्यु शैय्या पर थे, तब उन पर मुकदमा दर्ज कराया गया। भ्रष्टाचारियों से इलेक्टोरल बांड लेकर उन्हें फायदा दिया गया। जिन्होंने घोटाले की शिकायत की, उनके खिलाफ ही मुकदमा दर्ज किया गया। हरियाणा में सभापति के चुनाव में क्या हुआ, जीतने वाले को चुनाव हरा दिया गया। हाईकोर्ट गया तो वहां भी चुनाव हार गया, लेकिन सुप्रीम कोर्ट में गया तो ईवीएम मंगवाई गई और कोर्ट में एक हजार वोट से जीत गया।
रामगोपाल ने कहा कि एनआरसी को घुमा फिराकर लगाने की कोशिश की जा रही है। 18 साल से ऊपर वाले वोट जरूर बनवा लें, नहीं तो कैसे साबित करेंगे कि वह भारत के रहने वाले है। सपा जनता के लिए संघर्ष कह रही है। दोनों सदनों में लोकतंत्र को बचाने व वोट बचाने के लिए संघर्ष किया जा रहा है।
सांसद हरेंद्र मलिक ने कहा कि पीडीए जनता की लड़ाई लड़ रहा है। सपा हर किसी को सम्मान देती है। उन्हें टिकट देकर सांसद बनाया और भाजपा ने अपने नेता को ही श्रद्धांजलि नहीं दी। जो पार्टी अपने नेता को श्रद्धांजलि नहीं दे सकती, वह जनता के हित के बारे में क्या सोचेगी।
विधायक पंकज मलिक ने कहा कि जब जब सरकार की कुनीतियां सामने आती हैं, तो सपा दोनों सदनों में जनता की आवाज उठाने का काम करती है। विनीत भराला ने सभी का आभार जताया और कहा कि उनके पिता ने संघर्ष किया और सपा को मजबूत करने का कार्य किया। यही कारण है कि आज भी उनके पिता को सभी याद करते हैं।
पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष सीमा प्रधान ने कहा कि महंगाई बढ़ रही है, भ्रष्टाचार बढ़ रहा है, किसानों के गन्ने का भुगतान नहीं हो रहा है। हमारी लड़ाई झूठे लोगों से है और जनता को हमारा साथ देकर इन झूठे लोगों को हराना है।
कार्यक्रम में कैराना सांसद इकरा हसन को भी आना था, बैनर पर उनका फोटो भी प्रकाशित कराया था, मगर वह किसी कारणवश नहीं आ सकीं। मंच का संचालन अजीत कुमार ने किया। इस दौरान विधायक शाहिद मंजूर, आदिल चौधरी, प्रभुदयाल वाल्मीकि, डॉ. अरविंद, मोनू पंवार, शमशाद रिजवी, दिवाकर दूबे, सुदेशपाल, सम्राट मलिक, सैय्यद रिहानुद्दीन आदि मौजूद रहे।