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यूपी बोर्ड परीक्षा: नकल पर नकेल... पर चल रहा ये बड़ा खेल, ऐसे हुआ चौंकाने वाला खुलासा

Mon, 24 Feb 2020 02:30 PM IST
कपिल kapil न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ

सार

यूपी बोर्ड की परीक्षाओं में नकल पर तो काफी हद तक नकेल कस गई है, लेकिन अब नया खेल सामने आया है।
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यूपी बोर्ड - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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यूपी बोर्ड की परीक्षाओं में नकल पर तो काफी हद तक नकेल कस गई है, लेकिन अब नया खेल सामने आया है। यह खेल है विद्यार्थियों के प्रवेश पत्र और आधार कार्ड में उम्र का फर्क। दो स्कूलों के हाईस्कूल के विद्यार्थियों की जांच शुरू हो गई है, जबकि और भी कई स्कूल रडार पर आ गए हैं। डीआईओएस ने स्टूडेंट्स की उम्र में संदेह होने पर उनकी जांच कराने के निर्देश दिए हैं।

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वॉइस रिकॉर्डिंग वाले सीसीटीवी कैमरे, राउटर लगाकर ऑनलाइन मॉनिटरिंग और सचल दलों से लगातार निगरानी के कारण नकल तो काफी हद तक रुक गई है। इसके अलावा गलत प्रपत्रों के आधार पर परीक्षा देने की कोशिश करने वालों के भी हर साल फॉर्म डिलीट किए जा रहे हैं। क्षेत्रीय कार्यालय के अंतर्गत आने वाले 17 जिलों के पिछले तीन साल में 20 हजार से ज्यादा फॉर्म डिलीट किए गए हैं। नाम बदलकर सेल्फ सेंटर पर एग्जाम देने का खेल भी काफी हद तक रुका है, लेकिन उम्र कम करने के चक्कर में यह फर्जीवाड़ा शुरू हो गया है, जिसने माध्यमिक शिक्षा परिषद के विद्यालयों में हड़कंप मचा दिया है। 

अब ऐसे विद्यार्थियों पर खास निगाह रहेगी, जो देखने में ज्यादा उम्र के लग रहे हैं, मगर उन्होंने प्रवेश पत्र में कम उम्र लिवखाई हुई है।

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यह समिति कर रही जांच
तीन सदस्य जांच समिति में राजकीय इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य फतेह चंद, राजकीय कन्या इंटर कॉलेज हापुड़ रोड की प्रधानाचार्य पूनम गोयल और राजकीय हाईस्कूल चंदौली टप्पा लावड़ के प्रधानाध्यापक नेम सिंह हैं।

शुरू हो गई जांच
हस्तिनापुर के पीडी इंटर कॉलेज और एनएस इंटर कॉलेज ललियाना के विद्यार्थियों की जांच सोमवार से शुरू हो जाएगी। जांच समिति पता करेगी कि लापरवाही किसकी है। प्रधानाचार्य ने फर्जीवाड़ा किया है या फिर विद्यार्थियों ने। हस्तिनापुर में तो प्रधानाचार्य के खिलाफ रिपोर्ट भी लिखा दी गई है। वहीं, विद्यार्थी भी संदेह के घेरे में हैं कि उन्होंने कम उम्र के दस्तावेज बनवाने के चक्कर में ऐसा किया हो। सेना में भर्ती या फिर स्पोर्ट्स में कम उम्र को प्राथमिकता दी जाती है। साथ ही कम उम्र होने पर सेना या खेल में शामिल होने के मौके बढ़ जाते हैं। गौरतलब है कि उम्र में संदेह होने पर 44 छात्रों को थाना हस्तिनापुर लाया गया था। पीडी हायर सेकेंड्री स्कूल में प्रधानाचार्य द्वारा अभिलेखों में हेराफेरी की एफआईआर दर्ज कराई गई थी। दूसरी तरफ, एनएस इंटर कॉलेज ललियाना के कुछ छात्रों की उम्र भी संदेह के घेरे में आ गई है। इनकी भी जांच के आदेश दिए गए हैं।

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