पुलिस ने छात्रों को परिजनों के सुपुर्द किया, सकौती से ट्रैक्टर में गए थे बैठकर रुड़की
संवाद न्यूज एजेंसी
कंकरखेड़ा। थाना क्षेत्र के गांव पावली निवासी दो छात्र स्कूल पहुंचने के बजाए कांवड़ यात्रा को देखने के लिए रुड़की पहुंच गए। देर शाम तक छात्रों के घर नहीं लौटने पर परिजनों ने तलाश शुरू की थी। सुराग नहीं मिलने पर परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने कंकरखेड़ा से लेकर रुड़की तक के 300 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालते हुए दोनों छात्रों का सुराग लगाया और उन्हें रुड़की से तलाश लिया। पुलिस ने छात्रों को कागजी कार्रवाई के बाद मंगलवार को परिजनों के सुपुर्द कर दिया।
सीओ दौराला शिव ठाकुर ने बताया कि पांवली के रहने वाले दोनों छात्र एक स्कूल में पढ़ते हैं। सोमवार सुबह वह रोज की तरह साइकिल से स्कूल जाने की बात कहकर घर से निकले थे। शाम तक जब दोनों वापस नहीं लौटे तो परिजनों ने स्कूल पहुंचकर शिक्षकों और सहपाठियों से जानकारी ली। इसके बाद रिश्तेदारों और आसपास के क्षेत्रों में भी तलाश की गई, लेकिन दोनों का कहीं पता नहीं चल सका।
परेशान परिजनों ने देर शाम थाने पहुंचकर तहरीर दी और छात्रों की तलाश की गुहार लगाई। शिकायत मिलते ही पुलिस ने तलाश अभियान शुरू कर दिया। कांवड़ यात्रा के लिए हाईवे पर लगे कैमरों में दोनों छात्रों मुजफ्फरनगर की ओर जाते दिखाई दिए। सकौती में दोनों छात्र साइकिल खड़ी कर एक ट्रैक्टर में चढ़ते हुए दिखाई दिए। पुलिस ने करीब 300 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाले। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर स्थानीय पुलिस ने रुड़की पुलिस से संपर्क किया। रुड़की में दोनों छात्र मिल गए।
पूछताछ में उन्होंने बताया कि वे किसी के बहकावे में नहीं आए थे, बल्कि कांवड़ यात्रा और हरिद्वार का माहौल देखने की इच्छा के चलते बिना किसी को बताए घर से चले गए थे। सीओ का कहना है कि थाने पर काउंसिलिंग के बाद दोनों को छात्रों को परिजनों के सुपुर्द कर दिया।
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