फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मंदिर की संपत्ति के दो दावेदार, मामला कोर्ट में

विज्ञापन
विज्ञापन
मंदिर की संपत्ति के दो दावेदार, मामला कोर्ट में
विज्ञापन

मेरठ। माधवपुरम आंबेडकर नगर स्थित शिव मंदिर सेवा समिति ट्रस्ट पदाधिकारियों ने मंदिर की संपत्ति पांच दुकानों पर कांग्रेसी नेता पर कब्जे का आरोप लगाया। किराया न देने का विरोध करते हुए हंगामा किया। समिति पदाधिकारी अपनी शिकायत लेकर थानाध्यक्ष ब्रह्मपुरी सुभाष अत्री से मिले और एसएसपी नाम प्रार्थनापत्र सौंपा। दुकान के किराएदारों के अनुसार संपूर्ण मोहल्ला मलबेदारी की संपत्ति है। बाद में कुछ लोगों ने इसका बैनामा करा लिया था। और आज दुकान का हाउस टैक्स भी कट रहा है। विरोध करने वालों का संपत्ति पर अधिकार नहीं है।
शिव मंदिर सेवा समिति ट्रस्ट के उपाध्यक्ष पुनीत कुमार ने बताया की माधवपुरम आंबेडकर नगर स्थित शिव मंदिर की संपत्ति उनके नाना फूल सिंह के नाम थी। इस भूमि पर उन्होंने 1987 के आसपास मंदिर बनवाया। इसके कुछ सालों के बाद यहां धर्मशाला का निर्माण हुआ। पुनीत कुमार ने बताया कि मंदिर की आय बढ़ाने के लिए यहां 5 दुकानों पर निर्माण कर उन्हें किराए पर दे दिया गया था। लंबे समय तक किराएदार बदलते रहे लेकिन वे लोग किराया दे रहे थे। अब पांच किराएदार लंबे समय से किराया देने से इंकार कर रहे हैं। पुनीत कुमार ने बताया कि उन्होंने अभी हाल ही में मंदिर की संपत्ति को रजिस्टर्ड कराया है। इस संबंध में उच्चधिकारियों से शिकायत की जाएगी। अपनी समस्या को लेकर मोहल्ले के लोग थानाध्यक्ष ब्रह्मपुरी सुभाष अत्री से मिले। उन्होंने कहा कि कोर्ट के माध्यम से दुकानें खाली कराई जा सकती हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

उधर, दुकानदारों में डॉ. श्रीकांत सिंघल ने बताया कि यह संपूर्ण संपत्ति मलबेदारी की थी। इसके बाद कांग्रेसी नेता सतपाल काली ने जमीन का बैनामा कराया और हाउस टैक्स देना शुरू कर दिया। अब इस संपत्ति के मालिक सतपाल काली हैं। विरोध करने वाले संपत्ति के मालिक नहीं हैं। इस संपत्ति पर आभूषण की दुकान, क्लीनिक, मेडिकल स्टोर और साइकिल की दुकान संचालित हैं। उन्होंने बताया कि पूरा मोहल्ला कब्जे की जमीन पर बना हुआ है। धीरे धीरे इसकी भूमि के लोगों ने बैनामे कराए हैं। ब्रह्मपुरी सीओ अमित कुमार राय ने बताया कि मामला कोर्ट में विचाराधीन है। कोर्ट के फैसले के बाद ही पुलिस कार्रवाई करेगी। दोनों पक्षों को समझाबुझा कर शांत कर दिया गया है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें