फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हाईवे पर दर्दनाक हादसा: ट्रॉली से टकराई स्कूटी, पॉलिटेक्निक के दो छात्रों की मौके पर मौत, तीसरे का हुआ ये हाल

Thu, 06 Nov 2025 07:46 PM IST
मोहम्मद मुस्तकीम अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ

सार

Meerut News: मेरठ–करनाल हाईवे पर गांव बुबकरपुर के पास हादसा हुआ। तीनों ने ही हेलमेट नहीं पहना था। मृतक हर्षित और नितिन के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। वहीं आयुष का अस्पताल में उपचार चल रहा है। 
विज्ञापन
छात्रों की स्कूटी और मौके पर पहुंची पुलिस। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मेरठ–करनाल हाईवे पर बृहस्पतिवार दोपहर भीषण हादसे में राजकीय पॉलिटेक्निक के दो छात्रों की मौत हो गई, जबकि उनका एक साथी गंभीर रूप से घायल हो गया। स्कूटी सवार तीनों छात्र बुबकरपुर के पास इंटरलॉकिंग टाइल्स से लदी ट्रॉली में पीछे से जा घुसे। हादसे में स्कूटी के परखच्चे उड़ गए।
विज्ञापन

 

पांचली बुजुर्ग निवासी हर्षित (22), नितिन (21) और आयुष बृहस्पतिवार दोपहर करीब तीन बजे एक ही स्कूटी पर सवार होकर मेरठ शहर से लौट रहे थे। बुबकरपुर के पास उनकी स्कूटी ट्रॉली में जा भिड़ी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि स्कूटी के परखच्चे उड़ गए। 
 

तीनों गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने तीनों को सीएचसी सरधना पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने हर्षित और नितिन को मृत घोषित कर दिया। घायल आयुष को प्राथमिक उपचार के बाद एसडीएस ग्लोबल अस्पताल, मोदीपुरम रेफर किया गया। पुलिस के अनुसार तीनों दोस्त जसड़ सुल्तान नगर स्थित राजकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज में द्वितीय वर्ष के छात्र थे। 
 

हेलमेट पहना होता तो बच सकती थी जान
मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने बताया कि तीनों एक ही स्कूटी पर सवार थे और किसी ने भी हेलमेट नहीं पहना था। टक्कर लगते ही हर्षित और नितिन के सिर ट्रॉली में लदी टाइल्स से टकरा गए, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। ग्रामीणों ने बताया कि अगर तीनों ने हेलमेट पहना होता तो शायद जान बच जाती। 
 

हादसे के बाद एक राहगीर ने घटना की फोटो और वीडियो इंटरनेट मीडिया पर साझा कर दीं। कुछ ही मिनटों में तस्वीरें गांव के व्हाट्सएप ग्रुपों में फैल गईं। जानकारी मिलते ही ग्रामीण और परिजन बड़ी संख्या में सीएचसी सरधना पहुंच गए। मृतकों के परिजनों के पहुंचते ही अस्पताल में कोहराम मच गया।
 
विज्ञापन

हर्षित था इकलौता बेटा, नितिन कर रहा था दिल्ली पुलिस की तैयारी
पिता रामबीर ने बताया कि हर्षित उनका इकलौता बेटा था। उसकी तीन बहनें हैं। बड़ी बहन मीनू की शादी हो चुकी है, जबकि हिमांशी और यशी छोटी हैं। परिवार हिमांशी की शादी की तैयारी में जुटा था, तभी यह हादसा हो गया। मां अनिता बेटे के शव को देख बार-बार बेहोश होती रहीं।
नितिन के पिता पवन ने बताया कि बेटा पॉलिटेक्निक द्वितीय वर्ष में पढ़ रहा था और दिल्ली पुलिस में भर्ती की तैयारी कर रहा था। बड़ा बेटा शिवा हाल ही में यूपी पुलिस में भर्ती हुआ है और मुरादाबाद में ट्रेनिंग पर है। नितिन की मौत से पूरा परिवार गम में डूब गया है।

ये भी देखें...
Bijnor: भतीजे ने चाचा को धारदार हथियार से काट डाला, बंटवारे में सड़क से लगी जमीन के लिए बहाया खून    
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें