माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। विवाह के बाद हो रहे परिवार में विवादों का मुख्य कारण पाश्चात्य सभ्यता है। इसी के कारण अब महिलाओं के साथ पुरुषों को भी उत्पीड़न का सामना करना पड़ रहा है। माछरा में अश्वनी त्यागी के आवास पर चार दिवसीय यज्ञ में पहुंचीं साध्वी प्राची ने कहा कि पुरुष आयोग का भी गठन किया जाना चाहिए।
वक्फ बिल का समर्थन करते हुए साध्वी ने अमर उजाला से फोन पर बातचीत में कहा कि इससे गरीबों को न्याय मिलेगा। मेरठ के साथ पश्चिम उत्तर प्रदेश और देश भर में बड़ी संख्या में ऐसे मामले सामने आए हैं जिन्होंने देश में पाश्चात्य सभ्यता के कुप्रभावों को दिखाया है। इसके लिए जरूरी है कि पुरुष आयोग का भी गठन किया जाए। कहा कि आजकल तलाक के भी बड़ी संख्या में मामले सामने आ रहे हैं। जिसमें महिलाओं ने ही तलाक की मांग की है। ऐसे में युवक मानसिक दबाव के शिकार हो रहे हैं।
उन्होंने कहा कि संस्कार के लिए माता और पिता की भूमिका बहुत अहम होती है। समाज को सुधारने की शुरुआत घर से होनी चाहिए। इस दौरान उन्होंने पश्चिम बंगाल में हो रही हिंसा की भी निंदा की। कहा कि देश एक है और देश में हो रही ऐसी घटनाओं के लिए संपूर्ण देश को एकजुट होकर निर्णय लेना चाहिए। इसका उदाहरण उत्तर प्रदेश की जनता ने योगी आदित्यनाथ के रूप में प्रस्तुत किया है। स्वयं बंगाल के रहने वाले लोग भी विपरीत परिस्थितियों में हैं। ऐसे में केंद्र सरकार को भी अपने पश्चिम बंगाल के लोगों के लिए सकारात्मक कदम उठाने चाहिए।