मेरठ। ठेकेदार से दो लाख रुपये रिश्वत लेने के आरोप में पकड़े गए मेरठ खंड गंगनहर मेरठ के सब डिविजन पंचम मोदीनगर में तैनात अवर अभियंता ब्रजराज की जांच अब शुरू होगी। विजिलेंस विभाग को सिंचाई विभाग से संबंधित टेंडर की फाइल, वर्क आर्डर और भुगतान के रिकॉर्ड की फाइल मिल गई है। जेई को निलंबित भी कर दिया है।
27 जनवरी को सिंचाई विभाग के जेई ब्रजराज को विजिलेंस टीम ने गिरफ्तार किया था। जेई ने ठेकेदार के बेटे अंकुर से बिल भुगतान की एवज में दो लाख रुपये रिश्वत ली थी। अंकुर की शिकायत पर विजिलेंस टीम ने जेई को सिंचाई विभाग परिसर से ही रिश्वत के दो लाख रुपये और जेब व कार से आठ लाख रुपये के साथ गिरफ्तार किया था। जेई के पास से टीम को दस लाख रुपये भी मिले थे। विजिलेंस टीम उसी दिन से लगातार सिंचाई विभाग के अधिकारियों से रिश्वत से जुड़े टेंडर की फाइल मांग रही थी लेकिन अधिकारी संपर्क में नहीं आ रहे थे। सोमवार को एसपी विजिलेंस राजीव कुमार ने बताया कि सिंचाई विभाग से अब संबंधित फाइल मिल गई है। अब जेई के खिलाफ चार्ज सीट दाखिल करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। पूछताछ में जेई से काफी जानकारी मिली हैं। सभी बिंदुओं पर जांच की जा रही है।
सिंचाई विभाग गंगनहर शाखा मेरठ के अधिशासी अभियंता विकास त्यागी का कहना है कि विजिलेंस के अधिकारी जो भी रिकॉर्ड मांगेंगे, वह दिया जाएगा। जांच में पूरा सहयोग करने के लिए विभाग तैयार है। अभी तक काफी रिकॉर्ड दिया जा चुका है।