इकरार अहमद...... चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के कैंपस में विश्वविद्यालय के अधिकारियों के सामन
मेरठ। मुक्ताकाश नाट्य संस्थान, मेरठ द्वारा केंद्रीय माल और सेवा कर आयुक्त कार्यालय मंगलपांडे नगर के नेतृत्व में चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय परिसर में जीएसटी के प्रति लोगों को जन जागरूक करने के उद्देश्य से हास्य रस पर आधारित नुक्कड़ नाटक सच्चा सिनेमा का मंचन किया गया।
आकाश दीप कौशिक के निर्देशन में हास्य व्यंग्य पर आधारित नाटक सच्चा सिनेमा में दिखाया गया कि एक जुलाई 2017 से पहले उद्योगपति और व्यापारी सर्विस टैक्स, कस्टम ड्यूटी, वैट, एक्साइज जैसे विभिन्न करों के लिए अलग-अलग विभागों में चक्कर लगाया करते थे। दलालों के चक्करों में पड़ कर अपने खून पसीने से कमाया हुआ पैसा गंवाते थे, लेकिन एक जुलाई 2017 में भारत सरकार ने जीएसटी लागू कर एक ऐतिहासिक फैसला लिया। वन नेशन वन टैक्स जिससे दफ्तरों के बाहर बैठे कुकुरमुत्तों की तरह फैले दलालों के घरों के चूल्हे भुज गए। दलाली और लाइजनिंग जैसे शब्द खत्म हो गए।
जीएसटी लागू होने के बाद व्यापारी और उद्योगपति अपने ऑफिस, घर से बैठकर ही ऑनलाइन जीएसटी जमा करने लगे। नाटक में बताया गया कि प्रत्यक्ष को प्रमाण की आवश्यकता नहीं है रिकॉर्ड तोड़ जीएसटी जमा होने से देश मे शिक्षा, स्वास्थ्य, यातायात , सड़क सीमा सुरक्षा जन सुविधाओं का विकास हुआ।