हस्तिनापुर के बूढ़ी गंगा मेले में खरीदारी करते श्रद्धालु स्रोत संवाद
हस्तिनापुर। महाभारत कालीन ऐतिहासिक नगरी के पौराणिक बूढ़ी गंगा किनारे लगने वाले तीन दिवसीय कार्तिक पूर्णिमा गंगा स्नान मेले में बुधवार को लाखों श्रद्धालुओं ने पहुंचकर दीपदान किया। इसके बाद परिवार के साथ मेले का आनंद लिया।
बूढ़ी गंगा नदी कार्तिक पूर्णिमा गंगा स्नान मेले का नगर पंचायत की चेयरपर्सन ने मंगलवार को उद्घाटन किया था। बुधवार को काफी की संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। दूसरे दिन यह मेला अपने शबाब पर था। मेले में दूरदराज देहात क्षेत्र से आए श्रद्धालुओं ने स्नान व पूजा-अर्चना की। मेले में लोगों ने परिवार के साथ खरीदारी की। यहां स्थानीय पुलिस सक्रिय नजर नहीं आई। इस कारण मेले में घंटों जाम लगा रहा। जाम से निकलने के लिए वाहन रेंगते नजर आए।
अमृत कूप में किया स्नान
ऐतिहासिक नगरी में श्रद्धालुओं ने मेले का आनंद लिया। वहीं प्राचीन स्थलों का भ्रमण भी खूब किया। पांडव टीले पर मौजूद अमृत कूप पर महिला श्रद्धालुओं ने मान्यता के चलते स्नान किया। कूप की मान्यता है कि यहां पर स्नान करने से शरीर के कुष्ठ रोग दूर हो जाते हैं।
जयंती माता का दर्शन किया
मंदिर के संस्थापक अध्यक्ष सुदेश कुमार ने बताया कि कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर पिछले दो दिनों से प्राचीन जयंती माता शक्तिपीठ मंदिर को भव्य रूप से सजाया गया था। इस अवसर पर हजारों श्रद्धालुओं ने मंदिर पहुंचकर माता के दर्शन किए उसके बाद अपनी अपनी मन्नत मांगी।
अभी दो दिन और चलेगा मेला
ऐतिहासिक नगरी में कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर लगने वाले मेले में आसपास के गांवों के लोगों के साथ-साथ जैन धर्म के लोग भी इस मेले में पहुंचते हैं। यह मेला ऐतिहासिक नगरी में अगले दो दिनों तक और चलेगा।
हस्तिनापुर के बूढ़ी गंगा मेले में खरीदारी करते श्रद्धालु स्रोत संवाद