सीसीएसयू के 22 जुलाई को प्रस्तावित दीक्षांत समारोह में इस बार स्वर्ण पदक 200 से कम रहने की संभावना
पिछले साल 245 मेधावियों को मिले थे स्वर्ण पदक
अब तक 117 विषयों के संभावित टॉपर घोषित किए
संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय द्वारा दीक्षांत समारोह में पदक देने के नियमों में किए गए बदलाव के चलते इस बार दीक्षांत समारोह में स्वर्ण पदकों की संख्या 200 से भी कम रहने की संभावना है। वर्ष 2025 के दीक्षांत समारोह में विश्वविद्यालय ने 245 मेधावियों को स्वर्ण पदक प्रदान किए थे।
चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय का 38वां दीक्षांत समारोह 22 जुलाई को प्रस्तावित है। विश्वविद्यालय ने सोमवार तक 117 विषयों के संभावित टॉपरों की अनंतिम सूची जारी की है। इनमें 40 कैंपस, 39 प्रोफेशनल और 38 पारंपरिक (ट्रेडिशनल) पाठ्यक्रम शामिल हैं। हालांकि कुलाधिपति स्वर्ण पदक, डॉ. शंकर दयाल शर्मा स्वर्ण पदक और किसान ट्रस्ट के दो पुरस्कारों के लिए अंतिम चयन अभी होना बाकी है।
इस वर्ष से लागू नई व्यवस्था के तहत प्राइवेट पाठ्यक्रमों, डिप्लोमा एवं सर्टिफिकेट कोर्स के टॉपरों को स्वर्ण पदक नहीं मिलेगा। इसके अलावा मेडिकल पाठ्यक्रमों को छोड़कर ऐसे सभी पाठ्यक्रम, जिनमें छह या उससे कम विद्यार्थी हैं, उनके टॉपर भी मेडल की दौड़ से बाहर रहेंगे। कैंपस और संबद्ध कॉलेजों में संचालित समान पाठ्यक्रमों के लिए भी संयुक्त मेरिट तैयार की जाएगी। केवल शीर्ष स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थी को ही स्वर्ण पदक दिया जाएगा।
विश्वविद्यालय के अनुसार फिलहाल चुनिंदा पाठ्यक्रमों के संभावित टॉपरों की सूची जारी की गई है। अनंतिम सूची पर आपत्तियां लेने की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। अगले सप्ताह सभी पाठ्यक्रमों की अंतिम मेरिट लिस्ट जारी कर दी जाएगी। इस नई व्यवस्था के हिसाब से माना जा रहा है कि स्वर्ण पदकों की संख्या पिछले साल से कम रह सकती है। विश्वविद्यालय प्रशासन समारोह की तैयारी में जुटा है।