- अधिवक्ता संग अभद्रता करने करने वाले कर्मचारी को हटाया
संवाद न्यूज एजेंसी
मवाना। भैंसा टोल पर हुई मारपीट के मामले में एसडीएम व सीओ ने दोनों पक्षों के लोगों को थाने में बुलाकर वार्ता कराकर मामला शांत कराया। सीओ ने टोलकर्मियों को चेतावनी दी कि किसी भी हालत में किसी से अभद्रता न की जाए। भैंसा मार्ग पर टोल प्लाजा द्वारा बैठाए गए लोगों को हटाने के निर्देश दिए। इसके बाद मामला शांत हो गया।
पांच दिन पहले टोल प्लाजा पर मारपीट की घटना हुई थी। टोलकर्मियों ने गांव मवाना खुर्द के कुछ युवकों को नामजद करते हुए टोल मांगने पर अपने साथियों को बुलाकर हथियारों से लैस होकर मारपीट करने का आरोप लगाते हुए तहरीर दी थी। दूसरे पक्ष की ओर से अधिवक्ता ने दी तहरीर में टोलकर्मियों पर गाली गलौज व मारपीट करने आदि के आरोप लगाए थे। इस मामले में अभी तक किसी भी पक्ष की तहरीर पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज नहीं की थी।
इस मामले में टोलकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर शनिवार को कई गांवों के प्रधान और भाकियू एनसीआर के महासचिव नरेश चौधरी एसडीएम व सीओ से मिले थे। दोनों अधिकारियों ने रविवार को अपराह्न 1:00 बजे बैठक बुलाई थी। अधिकारियों के न मिलने के कार कारण वार्ता नहीं हो सकी थी। भाकियू एनसीआर के महासचिव नरेश चौधरी ने सोमवार सुबह 9:00 बजे तक उक्त प्रकरण का निस्तारण नहीं होने पर टोल पर धरना शुरू करने की चेतावनी दी थी।
एसडीएम संतोष कुमार सिंह व सीओ पंकज लवानिया ने दोनों पक्षों को सुबह 9:00 बजे थाने पर बुलाया। टोल प्लाजा की ओर मैनेजर बादल और ग्रामीणों की ओर से भाकियू एनसीआर के महासचिव नरेश चौधरी, डॉ. टीटू, अनुभव चौधरी, मनोज खत्री, सत्येंद्र तालियान, जयबहादुर आदि मौजूद रहे। नरेश चौधरी ने कहा कि गांव भैंसा मार्ग पर वाहनों को टोल प्लाजा द्वारा अपने लोगों को तैनात कर रोका जा रहा है, जो अवैध है। सीओ ने टोल प्लाजा के मैनेजर को भैंसा मार्ग पर तैनात किए गए लोगों को हटाने, टोलकर्मियों द्वारा किसी से भी अभद्रता नहीं करने के आदेश दिए। टोल मैनेजर ने बताया कि अधिवक्ता के साथ अभद्रता करने वाले टोलकर्मी को नौकरी से हटा दिया गया है। इसके बाद दोनों पक्ष शांत होकर लौट गए।