फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी: पंचायत ने महिला को सुनाया गांव छोड़ने का फरमान, दुष्कर्म से जुड़ा है मामला

Mon, 23 Sep 2019 02:38 PM IST
मेरठ ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
विज्ञापन
मेरठ पुलिस - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

मेरठ में खरखौदा थाना क्षेत्र के एक गांव में ननिहाल में आई 12 वर्षीय बच्ची को बहला फुसलाकर ले जाने और दो युवकों द्वारा दुष्कर्म कराने के मामले में पंचायत ने महिला को गांव छोड़कर जाने का फरमान सुनाया है। महिला पर आरोप है कि वह बच्ची को गुमराह कर जंगल में ले गई, जहां उसके सामने दो युवकों ने बच्ची से सामूहिक दुष्कर्म किया। हालांकि 24 घंटे बाद भी पुलिस ने पुख्ता कार्रवाई नहीं की।

विज्ञापन


इससे नाराज ग्रामीणों ने पंचायत बुलाकर उसमें आरोपी महिला को परिवार समेत गांव छोड़ने का फरमान सुना दिया। इस पर सैकड़ों लोग महिला को घर से निकालने के लिए चल दिए। वहीं, पुलिस ने कई लोगों को हिरासत में लिया है।

यह भी पढ़ें: मेरठ के भावनपुर में नशेड़ी युवकों का उत्पात, दो भाइयों से जमकर मारपीट व फायरिंग, एक गिरफ्तार

विज्ञापन

तीन दिन पहले 12 वर्षीय एक बच्ची क्षेत्र के गांव में ननिहाल में आई हुई थी। वह बीते शनिवार को घर के बाहर खेल रही थी। उसी गांव की एक महिला बच्ची को बहला-फुसलाकर अपने साथ जंगल में ले गई। वहां दो युवकों ने महिला के सामने ही उससे सामूहिक दुष्कर्म किया। इसके बाद बदहवास हालत में आरोपी महिला बच्ची को अपने घर ले आई। उधर, बच्ची के परिजन भी ढूंढते हुए उक्त महिला के घर पहुंच गए।

उन्होंने बच्ची से पूछताछ की तो घटना की जानकारी हुई। इसके बाद परिजन समेत कई दर्जन महिला एवं पुरुष बच्ची को लेकर थाने पहुंचे थे। वहां पुलिस ने बच्ची को मेडिकल जांच के लिए भेजा। वहीं, पुलिस ने पीड़ित की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर ली है।

यह भी पढ़ें: कलिंग-उत्कल एक्सप्रेस में बम की अफवाह, सहारनपुर में आधा घंटा रुकी रही ट्रेन, एक हिरासत में

हालांकि रविवार सुबह तक पुख्ता कार्रवाई नहीं की। इस पर गांव में पहले लाउड स्पीकर से एलान किया गया तथा बाद में पंचायत बुलाई। पूर्वाह्न करीब 11 बजे से पंचायत हुई। इसमें सैकड़ों महिला एवं पुरुष वहां पहुंचे। पंचायत में पीड़ित पक्ष ने आरोप लगाया कि महिला अक्सर ऐसा काम कराती है। इस पर ग्रामीणों ने उसे गांव से निकालने की मांग उठाई। आरोपी महिला पक्ष ने इसका विरोध किया। इस पर पीड़ित पक्ष उग्र हो गया।
विज्ञापन

वहीं, पंचों ने महिला को परिवार समेत गांव छोड़ने का फरमान जारी कर दिया। इस पर पीड़ित पक्ष के महिला एवं पुरुष बड़ी संख्या में आरोपी महिला के मकान में तोड़फोड़ करने के इरादे से चल दिए। हालांकि समय रहते पुलिस मौके पर पहुंच गई तथा भीड़ को रोका। कई लोगों को हिरासत में ले लिया गया। वहीं, पंचों को भी चेतावनी दी। हालांकि पुलिस गांव में पंचायत के आयोजन से इनकार कर रही है।

पुलिस द्वारा समय रहते कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाते हुए गांव में भीड़ एकत्र हो गई थी। कुछ लोग आरोपी महिला के मकान की तरफ जा रहे थे। उन्हें रोका गया। वहीं, मेडिकल जांच में भी बच्ची से दुष्कर्म की पुष्टि नहीं हुई है। -मनीष बिष्ट, प्रभारी निरीक्षक थाना खरखौदा
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें