दारुल उलूम रोड पर एक जर्जर भवन की दीवार गिरने से सड़क से गुजर रहे मदरसा छात्र समेत छह लोग मलबे के नीचे दब गए। वहां जुटे लोगों की मदद से मलबे में दबे लोगों को बाहर निकालकर अस्पतालों में भर्ती कराया गया। इनमें एक मदरसा छात्र समेत तीन लोगों की मौत हो गई। इस दौरान गुस्साए लोगों ने घटनास्थल पर मोबाइल से वीडियो बना रहे लोगों पर पथराव भी किया। इसमें भी कई लोग मामूली रुप से चोटिल हुए हैं।
दारुल उलूम रोड स्थित मदनी मस्जिद के सामने मुफ्ती-ए-आजम के पद पर रहे स्वर्गीय मुफ्ती अहमद सईद का मकान है। इसमें उनका नवासा बदर आलम परिवार के साथ रह रहा है। सड़क की ओर खड़ी दीवार पिछले लंबे समय से जर्जर हालत में थी। बरसात में जलभराव होने से आलम के मकान की दीवार लगातार कमजोर होती जा रही थी। शनिवार रात 11 बजे यह दीवार अचानक भरभरा गिर गई। इस दौरान सड़क से गुजर रहे मदरसा छात्र समेत छह लोग मलबे में दब गए जबकि पास में गुल सन्नवर के होटल, हारुन गेस्ट हाउस, खालिद की टॉपी की दुकान समेत चार प्रतिष्ठानों के भवन क्षतिग्रस्त हो गए। हादसे के बाद वहां जमा भीड़ ने मलबे के नीचे दबे लोगों को बाहर निकालना शुरू किया। काफी देर बाद पुलिस टीम, एसडीएम रामविलास यादव और सीओ सिद्धार्थ पहुंचे।