- आर्य समाज शास्त्रीनगर में वार्षिकोत्सव मनाया गया
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। आर्य समाज शास्त्रीनगर का 46वां वार्षिकोत्सव मनाया गया। प्रथम सत्र में आर्य समाज मंदिर प्रांगण में यज्ञ हुआ। आचार्य रणधीर शास्त्री और डॉ. इंद्रदेव शास्त्री के ब्रह्मत्व में यज्ञ संपन्न हुआ। यजमान मुनेंद्र सिंह भड़ाना, सुप्रीम गोयल, रजनी गोयल, प्रवेश राजवंशी और प्रवीण राजवंशी रहीं।
विद्वान आचार्य हरिशंकर अग्निहोत्री ने सारगर्भित वैदिक प्रवचन दिया। उन्होंने कहा कि वैदिक संस्कारों से ही आर्य समाज की उन्नति संभव है। उन्होंने महर्षि दयानंद सरस्वती के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्नति के लिए आर्य समाज के उद्देश्यों के अनुरूप आचरण आवश्यक है। उन्होंने कहा कि श्रेष्ठ कर्मों से प्राप्त होने वाला सुख ही स्वर्ग है।
उन्होंने बताया कि विद्वानों का सम्मान, विद्या का प्रसार, शिल्प एवं विज्ञान का उपयोग और परोपकार के कार्य भी यज्ञ के अंग हैं। आर्य भजनोपदेशक पंडित सतीश सुमन ने भजनों के माध्यम से वैदिक संदेश प्रदान किए। उनके साथ वादक सुभाष राही ने भजनों से मन की शुद्धि का संदेश दिया। पंडित सतीश सुमन ने जीवात्मा और परमात्मा के संवाद को प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि केवल जाप से नहीं बल्कि जीवन में गुणों को धारण करने से ही मनुष्य का उद्धार संभव है।
अध्यक्षता डॉ. वीरेंद्र आर्य ने की। संचालन आर्य समाज के संस्थापक सदस्य सत्यपाल सिंह ने किया। इस अवसर पर सूरजपाल सिंह, मंत्री मदनपाल सिंह तोमर, कोषाध्यक्ष प्रभात कुमार एवं रामावतार आर्य, उपप्रधान रवींद्र सिंह, भरत आर्य रहे।