सरूरपुर/सरधना। कस्बा करनावल में मुख्य बाजार में जाट समाज के युवाओं ने बुधवार को फिल्म पानीपत के निर्देशक के खिलाफ नारेबाजी कर पुतला फूंककर विरोध जताया। इस दौरान समाज के लोगों ने फिल्म निर्माता पर व्यक्त्वि के साथ छेड़छाड़ करने का आरोप लगाया।
लोकेंद्र पंघाल एवं अनुज बजरंगी ने करनावल कस्बा स्थित गुंडी तालाब पर मुख्य बाजार में फिल्म पानीपत के निर्देशक का पुतला फूंका। कस्बे के मुख्य बाजार से पुतले को घुमाकर चौराहे पर आग के हवाले कर नारेबाजी की। अनुज बजरंगी ने कहा कि निर्देशक ने फिल्म पानीपत में महाराज सूरजमल के किरदार का गलत तरीके से पेश करके उनकी छवि को धूमिल किया जा रहा है। हालांकि महाराज सूरजमल के गौरवशाली इतिहास ने राजस्थान के भरतपुर में जीत का परचम लहराकर समाज को नई दिशा दी थी। वहीं, दिल्ली तक उनके साम्राज्य का झंडा बुलंद होता था। उन्होंने सरकार को तत्काल फिल्म पर रोक लगाने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर सरकार फिल्म पर रोक नहीं लगाती तो समाज सड़क पर उतरने के लिए मजबूर होगा। इस दौरान श्याम सिंह, उधम सिंह, मोहित, वीरेंद्र, राहुल जड़ौदिया, उत्तम डागर, राकेश शर्मा, गौरव मोहित आदि मौजूद रहे।
सरधना में हिंदू जागरण मंच द्वारा पानीपत फिल्म के विरोध में पुतला फूंका गया। इस दौरान हिंदू जागरण मंच के सदस्यों ने कहा कि महाराजा सूरजमल हिंदुत्व के मार्गदर्शक हैं। उन्होंने सदा धर्म व देश के लिए लड़ाई लड़ने का काम किया और प्राणों की आहूति दी। एक फिल्म के माध्यम से उनकी छवि खराब की जा रही है। जिससे देशभर के हिंदू समाज में भारी आक्रोश है। उन्होंने फिल्म से विवादित दृश्य काटने और शौर्य गाथा प्रसारित करने की मांग की। ऐसा नहीं करने पर उन्होंने सड़कों पर उतरकर आंदोलन करने की चेतावनी दी। इस दौरान उन्होंने फिल्म का पुतला फूंका और डायरेक्टर के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस संबंध में तहसील पहुंचकर एसडीएम को ज्ञापन सौंपा। यहां जयंत राणा, सनी छुर, जितेंद्र तालियान, आशु तालियान, उधम, शिवम, सचिन, आदित्य, विशाल, शुभम आदि मौजूद रहे।