दुर्घटना में मरे हस्तिनापुर निवासी सुमित के शव को थाने में रखकर हंगामा करते परिजन। (मवाना)
- बोले परिजन, मौत नील गाय से टकरा से नहीं, रोडवेज बस की टक्कर से हुई
संवाद न्यूज़ एजेंसी
मवाना। दुर्घटना में मरे हस्तिनापुर निवासी सुमित के शव को पोस्टमार्टम के बाद सोमवार को परिजन थाने लेकर पहुंचे और शव को थाने में रखकर हंगामा करना शुरू कर दिया। परिजनों का आरोप था कि सुमित की मौत नीलगाय से टकराने से नहीं, रोडवेज बस की टक्कर से हुई है। सीओ थाने पहुंचे और समझा-बुझाकर परिजनों को शांत किया और लिखित में देने के लिए कहा। जिसके बाद परिजन शव को लेकर चले गए।
हस्तिनापुर निवासी सुमित और शुभम पाल दोनों दोस्त रविवार की शाम को मोबाइल ठीक कराने के लिए बाइक से मवाना आ रहे थे। जैसे ही ये लोग रजबहा पार कर बामनी वाले मंदिर के पास पहुंचे तो जंगल से निकलकर अचानक नीलगाय बाइक से आकर टकरा गई थी। नीलगाय से टकराते ही बाइक अनियंत्रित होकर सड़क पर गिर गई थी और दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए थे। मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों घायलों को एंबुलेंस से मेरठ अस्पताल भिजवाया और क्षतिग्रस्त बाइक को कब्जे में ले लिया था। मेरठ ले जाने के दौरान सुमित ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया था।
सुमित का शव पोस्टमार्टम के बाद सोमवार शाम 4.15 बजे के परिजन मवाना थाने में लेकर पहुंचे और शव को थाने के अंदर रखकर हंगामा कर दिया। परिजनों का आरोप था कि सुमित की मौत नील गाय से बाइक टकराने से नहीं अपितु रोडवेज की टक्कर से हुई है। थाना प्रभारी पूनम जादौन का कहना था कि वह मौके पर थी, जो कह रहे हो उसको लिखित में दो। सीओ पंकज लवानिया ने परिजनों को समझा-बुझाकर शांत किया और लिखित में देने के लिए कहा। जिस पर सुमित के भाई उमेश ने अज्ञात वाहन की टक्कर लगने के संबंध में तहरीर दी है। सीओ का कहना है कि तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कराई जा रही है।
-
दुर्घटना में मरे हस्तिनापुर निवासी सुमित के शव को थाने में रखकर हंगामा करते परिजन। (मवाना)
दुर्घटना में मरे हस्तिनापुर निवासी सुमित के शव को थाने में रखकर हंगामा करते परिजन। (मवाना)