ठेकेदारी में पार्टनर बनाने के नाम पर की धोखाधड़ी
रकम वापस मांगने पर आरोपियों ने दी जान से मारने की धमकी
संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। ठेकेदारी में पार्टनर बनाने के नाम पर मोबाइल शॉप संचालक से दंपती ने 30 लाख रुपये हड़प लिए। पीड़ित ने रकम वापस मांगी तो आरोपी अज्ञात साथियों के साथ उसकी दुकान पर पहुंचे और गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी। पीड़ित ने एसएसपी डॉ. विपिन ताडा के आदेश पर देहली गेट थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। सीओ कोतवाली आशुतोष कुमार का कहना है कि रिपोर्ट दर्ज कर जांच की जा रही है। तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
एसएसपी को दिए शिकायती पत्र में फूलबाग कॉलोनी निवासी तरुण कुमार ने बताया कि उनकी घंटाघर पर मैसर्स कुमार एजेंसी के नाम से दुकान है। वह मोबाइल बेचने का काम करते हैं। वर्ष 2022 में उनकी मुलाकात जवाहर क्वार्ट्स निवासी अमित कुमार कौशल से हुई। उसकी पीएल शर्मा रोड पर मोबाइल की दुकान थी। अमित अक्सर उनकी दुकान से मोबाइल खरीदने आता था। अगस्त 2022 में अमित उनकी दुकान पर आया और ठेकेदारी से संबंधित फर्जी कागजात और पेेमेंट के चेक दिखाए। उसने बताया कि दुकान बंद कर एमडीए और कलक्ट्रेट में निर्माण कार्यों की ठेकेदारी का कार्य कर रहा हूं। इस काम में बहुत पैसा है।
आरोपी ने अपने झांसे में लेकर तरुण कुमार को ठेकेदारी में रकम लगाने के लिए राजी कर लिया। पीड़ित ने एक गाड़ी खरीदकर एमडीए में ठेकेदारी में लगाने के लिए दे दी। उनके खाते में मुनाफे की धनराशि आने लगी। इससे उनका विश्वास अमित कुमार कौशल पर बढ़ गया। अमित और उसकी पत्नी अदीति का उनके घर काफी आना-जाना हो गया। दोनों अक्सर उसके पास आते और विभिन्न ठेकों के कागजात दिखाकर रुपये ले जाते थे। दोनों ने टेंडर सिक्योरिटी के नाम पर दो ब्लैंक चेक हस्ताक्षर कराकर ले लिए। विभिन्न तिथियों में दोनों 27.60 लाख रुपये नकद और 2.40 लाख रुपये ऑनलाइन ले लिए।
इसके बाद दोनों ने उनके पास आना भी बंद कर दिया। वह जब अपनी रकम का तकादा करते तो आरोपी आजकल में देने की बात कहकर टालमटोल करने लगे। आरोप है कि रकम देने के लिए दबाव बनाने पर आरोपी अपने अज्ञात साथियों के साथ 23 फरवरी 2025 को उनकी दुकान पर आए जान से मारने की धमकी दी। आरोपियों ने उनके दिए चेक बैंक में लगाकर 62.50 लाख रुपये निकालने का प्रयास किया। तरुण कुमार ने बैंक से भुगतान रुकवा दिया। आरोपियों से उनके परिवार को भी खतरा है। एसएसपी ने देहली गेट पुलिस को मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए थे।