सीसीएसयू में सामाजिक चिंतन विषय पर हुई विचार गोष्ठी
मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय में शनिवार को इतिहास विभाग एवं साहित्यिक सांस्कृतिक परिषद के संयुक्त तत्वावधान में एक दिवसीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया। जिसका विषय था चौधरी चरण सिंह का सामाजिक चिंतन। कार्यक्रम वीर बंदा बैरागी सभागार में संपन्न हुआ।
मुख्य अतिथि पूर्व विधायक एवं एनएएस कॉलेज के सचिव राजेंद्र शर्मा ने चौधरी साहब के साथ अपने संस्मरण साझा करते हुए कहा कि वे सरलता और सहजता की जीती-जागती मूर्ति थे। उन्होंने अपना पूरा जीवन गांव, गरीब और मजदूरों के उत्थान के लिए समर्पित कर दिया। मुख्य वक्ता एकेपी कॉलेज खुर्जा की प्राचार्य प्रो. डिंपल विज ने कहा कि चौधरी साहब की आर्थिक दृष्टि पूरी तरह गांव आधारित थी और अर्थव्यवस्था में ग्रामीण प्राथमिकता उनका प्रमुख दृष्टिकोण था। विशिष्ट अतिथि आरजी कॉलेज प्राचार्य प्रो. निवेदिता मलिक ने उनके शासनकालीन कार्यों का जिक्र करते हुए जमींदारी उन्मूलन, चकबंदी और लेखपाल भर्ती जैसे क्रांतिकारी निर्णयों को याद किया। इस्माईल नेशनल पीजी कॉलेज की प्राचार्य प्रो. अनीता राठी ने उन्हें राजनीतिज्ञ, लेखक और सामाजिक चिंतक के रूप में स्मरण किया। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और पुष्पांजलि से हुई। अतिथियों का बुके और पटका पहनाकर स्वागत किया गया। संचालन डॉ. योगेश कुमार ने किया और आभार साहित्यिक सांस्कृतिक परिषद की अध्यक्ष प्रो. नीलू जैन गुप्ता ने व्यक्त किया।