हस्तिनापुर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट में बीए द्वितीय और तृतीय वर्ष के छात्र-छात्राओं का बीच सत्र दूसरे कॉलेज में स्थानांतरण किए जाने के विरोध में चल रहा धरना बृहस्पतिवार को तीसरे दिन समाप्त हो गया। तहसीलदार निरंकार सिंह की मौजूदगी में कॉलेज प्रबंधन ने छात्रों को आगामी दो वर्षों तक इसी कॉलेज में पढ़ाई जारी रखने का लिखित आश्वासन दिया। इसके बाद छात्रों ने धरना समाप्त कर दिया।
मुख्य गेट पर छात्रों ने की नारेबाजी
बृहस्पतिवार को छात्र-छात्राओं ने कॉलेज के मुख्य गेट पर धरना देकर प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी की। सूचना मिलने पर तहसीलदार निरंकार सिंह और थाना पुलिस मौके पर पहुंची। छात्रों के समर्थन में चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के छात्र नेता आदेश खटाना और अरुण खटाना भी दर्जनों छात्रों के साथ धरने में शामिल हुए।
बीच सत्र में दूसरे कॉलेज भेजने का विरोध
छात्र नेताओं ने आरोप लगाया कि प्रवेश के समय उन्हें तीन वर्षों तक एक ही कॉलेज में पढ़ाई कराने की जानकारी दी गई थी। उनके अनुसार पहले वर्ष एक भवन में पढ़ाई कराई गई, जबकि दूसरे वर्ष दूसरी बिल्डिंग में भेज दिया गया।
अब तृतीय वर्ष में दूसरे कॉलेज में स्थानांतरित करने की तैयारी की जा रही है। छात्र नेताओं का कहना है कि इससे छात्रों के भविष्य पर असर पड़ सकता है। दूसरे कॉलेज में प्रवेश लेने पर भविष्य में सरकारी नौकरी के दौरान शैक्षिक दस्तावेजों के सत्यापन में परेशानी होने की आशंका भी जताई गई।
तहसीलदार की मौजूदगी में हुई वार्ता
धरने की जानकारी मिलने पर कॉलेज प्रबंधन की ओर से एसपी सिंह मौके पर पहुंचे। तहसीलदार निरंकार सिंह ने कॉलेज प्रबंधन से वार्ता की। वार्ता के बाद प्रबंधन ने छात्रों को लिखित आश्वासन दिया कि कॉलेज आगामी दो वर्षों तक यथास्थिति में संचालित किया जाएगा और छात्रों की पढ़ाई पूरी कराई जाएगी।
आश्वासन के बाद समाप्त किया धरना
लिखित आश्वासन मिलने के बाद छात्र-छात्राओं ने अपना धरना समाप्त कर दिया। छात्र नेता आदेश खटाना और अरुण खटाना ने कहा कि यदि आश्वासन के बावजूद छात्रों के हितों के साथ कोई हेराफेरी की गई तो आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि बीच सत्र में छात्रों को दूसरे कॉलेज में स्थानांतरित करने के नियम को लेकर विश्वविद्यालय स्तर पर भी जानकारी ली जाएगी।