दौराला। शिव मंदिर रेलवे स्टेशन स्थित राम लखन रंगमंच कमेटी मटौर दौराला द्वारा रामलीला का मंचन किया गया। रामलीला के दूसरे दिन श्रवण कुमार की करुण कथा से लेकर भगवान श्रीराम के जन्म तक की लीला प्रस्तुत की गई। इस मंचन को देखकर दर्शक भावुक हो उठे, वहीं श्रीराम जन्म पर पूरा मैदान उत्सवमय हो गया।
रामलीला कमेटी के महामंत्री ललित चौहान ने बताया कि कलाकारों ने श्रवण कुमार की कथा का मंचन किया। श्रवण कुमार अपने नेत्रहीन माता-पिता को तीर्थ यात्रा करा रहे थे। सरयू नदी पर पानी भरने के दौरान राजा दशरथ ने शब्दभेदी बाण चला दिया। बाण लगने से श्रवण कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए और उन्होंने प्राण त्याग दिए। पुत्र वियोग से दुखी उनके माता-पिता ने राजा दशरथ को श्राप दिया। इसके बाद कलाकारों ने राजा दशरथ के पुत्र प्राप्ति यज्ञ और भगवान श्रीराम के जन्म का दृश्य प्रस्तुत किया। श्रीराम जन्म होते ही श्रद्धालुओं ने जय श्रीराम और जय हनुमान के जयकारे लगाए।
इस दौरान ठाकुर हरपाल सिंह, विनीत, रविंद्र, रजनीश और विपिन मौजूद रहे। ज्योति, मोहन, अमित, राकेश, अरुण और दीपक भी उपस्थित थे।