जौ को माना जाता है ब्रह्म स्वरूप
आचार्य कौशल वत्स ने बताया कि नवरात्रि में जौ बोने की भी परंपरा है। जौ को ब्रह्म स्वरूप और पृथ्वी की पहली फसल माना गया है। वहीं घटस्थापना में कलश को सुख-समृद्धि, वैभव और मंगलकामना का प्रतीक माना जाता है।
पूजा में इन सामग्री की होगी आवश्यकता
घटस्थापना और पूजा के लिए कलश, गंगाजल, रोली, मौली, सुपारी, लौंग-इलायची, पान, दूर्वा, सिक्के, पंचरत्न, आम या अशोक के पत्ते, नारियल, लाल कपड़ा, फूल-माला, फल और पंचमेवा सहित अन्य सामग्री की आवश्यकता होगी। पूजा के दौरान अखंड ज्योति भी जलाई जाएगी। घी का दीपक जलाकर उसका विधि-विधान से पूजन किया जाता है।