.. प्रमुख बाजारों में अभियान जारी, मांग रहे सरकार की मदद
.. आजीविका और भविष्य सुरक्षा के लिए समाधान जरूरी
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ।
व्यापारियों की आजीविका, रोजगार और भविष्य से जुड़े मुद्दों को लेकर संयुक्त व्यापार संघ के आह्वान पर शुक्रवार को शहर के कई प्रमुख बाजारों में काले झंडे लगाकर प्रतीकात्मक विरोध दर्ज कराया गया। केसरगंज, सदर बाजार, मेहताब सिनेमा क्षेत्र, ट्रांसपोर्ट नगर, गढ़ रोड सहित अनेक बाजारों में व्यापारियों ने दुकानों और प्रतिष्ठानों पर काले झंडे लगाए। संगठन ने शहर में बीते तीन दिन में 17 हजार झंडे लगाकर केंद्र से सिर्फ संवाद का समय मांगा है।
संयुक्त व्यापार संघ के अध्यक्ष नवीन गुप्ता ने कहा कि उनका विरोध किसी व्यक्ति, सरकार अथवा न्यायालय के विरुद्ध नहीं है। न्यायालय के आदेशों का सम्मान करते हुए अपनी समस्याओं और आजीविका से जुड़ी चिंताओं को केद्र सरकार तक पहुंचाना चाहते हैं।
नवीन गुप्ता ने स्पष्ट किया कि आंदोलन किसी सरकार के विरोध में नहीं है और न ही न्यायालय के आदेशों का विरोध किया जा रहा है। न्यायालय का पूरा सम्मान है। काले झंडे लगाकर किया जा रहा विरोध प्रतीकात्मक और शांतिपूर्ण है। उन्होंने केंद्र सरकार से व्यापारियों की पीड़ा को समझते हुए प्रतिनिधियों के साथ संवाद कर ऐसा समाधान निकालने की मांग की जिससे न्यायालय के आदेशों का सम्मान भी बना रहे और हजारों परिवारों की आजीविका पर संकट न आए।
संयुक्त व्यापार संघ के महामंत्री संजय जैन ने कहा कि व्यापारियों में अपने व्यापार और भविष्य को लेकर गहरी चिंता है। केसरगंज, सदर बाजार, मेहताब सिनेमा, ट्रांसपोर्ट नगर और गढ़ रोड समेत अनेक बाजारों में व्यापारियों ने स्वेच्छा से काले झंडे लगाए हैं। हमारा उद्देश्य स्पष्ट है कुछ प्रभावित लोगों के लिए वैकल्पिक व्यापारिक व्यवस्था, आजीविका की सुरक्षा और पुनर्वास जैसे विषयों पर ठोस पहल होनी चाहिए। बाकी कार्यवाही न की जाए।
ट्रांसपोर्ट गुड्स संगठन के अध्यक्ष पंकज अनेजा ने कहा कि व्यापार और ट्रांसपोर्ट एक दूसरे से जुड़े हैं। किसी बाजार या व्यावसायिक क्षेत्र में होने वाली कार्रवाई का प्रभाव दुकान मालिकों के साथ ट्रांसपोर्टरों, माल ढुलाई से जुड़े लोगों, कर्मचारियों और छोटे कारोबारियों पर भी पड़ता है। उन्होंने प्रभावित व्यापारियों और उनसे जुड़े वर्गों की वास्तविक स्थिति का आकलन कर केंद्र सरकार से सकारात्मक पहल और संवाद की मांग की है।
केसरगंज व्यापार संघ के अध्यक्ष योगेश गुप्ता ने कहा कि वर्षों की मेहनत से खड़ा किया गया व्यापार पूरे परिवार की आजीविका का आधार होता है। व्यापारी टकराव नहीं चाहते, लेकिन उनकी समस्याओं की अनदेखी भी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने सरकार से व्यापारियों की बात गंभीरता से सुनकर व्यावहारिक और न्यायसंगत समाधान निकालने की अपील की।
संयुक्त व्यापार संघ के उपाध्यक्ष तरुण गुप्ता ने कहा कि विभिन्न बाजारों में काले झंडे लगाने का अभियान व्यापारियों की सामूहिक चिंता को शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से व्यक्त करने का माध्यम है। संगठन चाहता है कि व्यापारियों की समस्याएं केंद्र सरकार के संज्ञान में आएं और इस विषय पर उच्चस्तरीय संवाद शुरू हो।
संयुक्त व्यापार संघ के मंत्री संजीव जिंदल, विकास गिरधर और अमित बंसल ने संयुक्त रूप से कहा कि यह किसी के विरुद्ध संघर्ष नहीं, बल्कि व्यापारियों की आजीविका, रोजगार और भविष्य की सुरक्षा के लिए अपनी बात भारत सरकार तक पहुंचाने का प्रयास है। उन्होंने केंद्र सरकार से प्रभावित व्यापारियों के प्रतिनिधिमंडल को वार्ता का अवसर देने और समस्याओं के समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाने का आग्रह किया।
मंत्री संजीव जिंदल ने कहा कि कंकरखेड़ा में सभी व्यापारियों ने काले झंडे लगाकर विरोध किया है।