- किसानों ने खनन बंद कराने के लिए प्रशासन से लगाई गुहार
संवाद न्यूज एजेंसी
रोहटा। क्षेत्र के कई गांवों के जंगलों में इन दिनों अवैध खनन का खेल धड़ल्ले से चल रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि कुछ अधिकारियों की मिलीभगत से खनन माफिया खुलेआम मिट्टी का खनन कर रहे हैं, जिससे क्षेत्र की सड़कें और खेत बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं।
ग्रामीणों के अनुसार अवैध खनन के कारण गांवों के संपर्क मार्ग पर रात भर मिट्टी से भरे डंपर दौड़ रहे हैं। इससे जगह-जगह रास्ते टूटकर खराब हो गए हैं। खनन में लगे वाहनों की आवाजाही से सड़कों पर दिन भर धूल उड़ रही है, जिससे राहगीरों और मुख्य कस्बों के लिए जाने में ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
वहीं खनन के कारण आसपास के किसानों के खेत भी ऊंचे-नीचे हो गए हैं, जिससे खेती करना मुश्किल हो रहा है। किसानों का कहना है कि यदि इसी तरह खनन जारी रहा तो उनकी जमीन को भारी नुकसान होगा।
गांव हसनपुर रजापुर निवासी वीरेंद्र कुमार गांव किनौनी निवासी सुंदर आदि किसानों ने जिला अधिकारी और तहसीलदार से लेकर मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी शिकायत पत्र देकर अवैध खनन पर रोक लगाने की मांग की है। बावजूद इसके अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है।
क्षेत्र ग्रामीणों ऋषिदेव शर्मा, संजय, बिट्टू, रामकुमार, रविंद्र का कहना है कि यदि प्रशासन ने जल्द ही अवैध खनन पर रोक नहीं लगाई तो उन्हें आंदोलन करने को मजबूर होना पड़ेगा। वहीं लगातार शिकायतों के बावजूद कार्रवाई न होने से प्रशासनिक व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
भाकियू के जिला अध्यक्ष अनुराग सिंह का कहना है कि यह खनन अधिकारी की मिलीभगत से चल रहा है। जल्द ही ज्ञापन देकर अधिकारियों को पूरे प्रकरण से अवगत कराया जाएगा। यदि उसके बाद भी कोई कार्रवाई अमल में नहीं लाई गई तो किसानों के साथ मिलकर आंदोलन किया जाएगा।
जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी
तहसीलदार रवि प्रजापति का कहना है कि शिकायत मिली है। जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।