मेरठ। कैंट स्थित ऋषभ एकेडमी प्रकरण में नामजद आरोपी अभिनव जैन को बुधवार को सदर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। वहीं अभिनव के पिता रंजीत जैन की तलाश में पुलिस की दबिश जारी है। रंजीत जैन ऋषभ एकेडम की प्रबंध समिति के सचिव हैं। उधर स्कूल में करोड़ों के घोटाले के मामले में सरकारी मशीनरी ने चुप्पी साधी हुई है।
दरअसल स्कूल की 52 शिक्षिकाओं ने रंजीत जैन व उसके बेटे अभिनव जैन पर अश्लील बातें करने और महिला बाथरूम में सीसीटीवी कैमरे लगाकर अश्लील फोटो व वीडियो लेकर ब्लैकमेल करने का आरोप लगाया था। सदर थाने में मंगलवार को पिता-पुत्र के खिलाफ छेड़छाड़ व धमकी देने की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था। सदर पुलिस ने बुधवार को अभिनव जैन को गिरफ्तार कर लिया है वहीं रंजीत जैन अभी भी फरार है।
शिक्षिकाओं के बने दो गुट
पुलिस का दावा है कि यह मामला छेड़छाड़ का नहीं है बल्कि वेतन को लेकर विवाद का है। लॉकडाउन में शिक्षिकाओं का वेतन भी नहीं दिया गया। इसको लेकर ही शिक्षिकाओं के दो गुट बन गए। स्कूल में 120 शिक्षक शिक्षिकाएं हैं जिनमें से 52 शिक्षिकाओं ने स्कूल के सचिव और उसके बेटे के खिलाफ आरोप लगाते हुए मुकदमा कराया है। एएसपी कैंट में मंगलवार स्कूल में पहुंचकर जांच पड़ताल की थी। जिसमें महिला बाथरूम में कैमरे लगने की बात गलत मिली है। हालांकि अब पुलिस लॉकडाउन से पहले स्कूल में सीसीटीवी कैमरे लगने की जानकारी जुटा रही है।
रंजीत जैन पर धमकी देने का आरोप
बुधवार को भी स्कूल की एक दर्जन से ज्यादा शिक्षिकाएं सदर थाने में पहुंची। उन्होंने आरोप लगाया कि मुकदमा दर्ज होने के बाद रंजीत जैन उन पर समझौता करने का दबाव बना रहे हैं, ऐसा न करने पर धमकी दे रहे हैं। एक शिक्षिका ने रंजीत जैन के खिलाफ दूसरा मुकदमा दर्ज कराने के लिए शिकायती पत्र भी दे दिया है। शिक्षिकाओं ने थाने में नारेबाजी भी की। पुलिस ने उनको जांच कर कड़ी कार्रवाई करने का आश्वासन देकर शांत कराया।
अभिनव ने तीन 3 ऑडियो पुलिस को सौंपी
अभिनव जैन ने पुलिस को तीन अलग-अलग शिक्षिकाओं की ऑडियो सौंपी हैं। इन तीनों शिक्षिकाओं ने भी रंजीत जैन और अभिनव जैन के खिलाफ लिखित में शिकायत की है।ऑडियो में ये शिक्षिकाएं अभिनव से कह रहीं हैं कि हमसे जबरन हस्ताक्षर कराएं गए हैं। अभिनव शिक्षिकाओं से कह रहा है कि तुम तो मेरी बहन जैसी हो। तुमने इतना घिनौना आरोप मुझ पर क्यों लगाया है।
करोड़ों के घोटाले की कौन करेगा जांच
मेरठ। पुलिस जांच में ऋषभ एकेडमी में करोड़ों रुपए का घोटाला होने का मामला भी सामने आया है। पुलिस के मुताबिक शिक्षकों को 10 हजार रुपये वेतन दिया जाता है, जबकि कागजों पर 25 हजार वेतन पर हस्ताक्षर कराए जाते हैं। बाकी पैसा कहा जाता है इसका जवाब किसी के पास नहीं है। यह खेल पिछले तीस साल से स्कूल में चल रहा है और प्रबंध समिति के सचिव रंजीत जैन ने भी इसे स्वीकार किया है। इसके बावजूद पुलिस इस घोटाले की जांच करने से हाथ खींच रही है। पुलिस का कहना है कि उनके पास शिक्षिकाओं से अश्लीलता की शिकायत आई है जिसकी जांच की जा रही है।
जांच की जा रही है
ऋषभ एकेडमी के सचिव रंजीत जैन के बेटे अभिनव जैन को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। रंजीत जैन की तलाश में पुलिस लगी है। शिक्षिकाओं की शिकायत पर जांच अभी चल रही है। - डॉ. ईरज राजा, एएसपी कैंट सदर