डीएम को भेजी 117 शस्त्र लाइसेंस की निलंबन रिपोर्ट
मेरठ। शहर के चार थाना प्रभारियों ने 117 शस्त्र लाइसेंस के निलंबन की संस्तुति रिपोर्ट शनिवार को डीएम को भेज दी। पुलिस ने कहा कि मानक पूरे नहीं करने के कारण इनके लाइसेंस निरस्त होने चाहिए।
20 दिसंबर को हुए उपद्रव के बाद डीएम ने 117 शस्त्र लाइसेंस धारकों को नोटिस भेजने की बात कही थी। सिटी मजिस्ट्रेट व पुलिस ने लाइसेंस धारकों को नोटिस भिजवाए थे। सीओ कोतवाली दिनेश शुक्ला ने बताया कि शस्त्र लाइसेंस की शर्तों का अनुपालन नहीं हुआ। उपद्रवी सरकारी संपत्ति तोड़ रहे थे, पथराव और गोलियां चला रहे थे। पुलिस प्रशासन के अधिकारी उपद्रवियों से सीधे मुकाबला कर रहे थे। ऐसे मेें कोई भी लाइसेंसधारी घर से नहीं निकला, ना ही पुलिस का सहयोग किया। इसको देखते हुए उनके लाइसेंस निरस्त होने चाहिए। लिसाड़ीगेट, कोतवाली, ब्रह्मपुरी और नौचंदी पुलिस ने डीएम को रिपोर्ट भेज दी है। वहीं नोटिस मिलने के बाद लाइसेंस धारकों में खलबली मची है। वह पुलिस प्रशासन के अधिकारियों से लाइसेंस बचाने के लिए सिफारिश में लगे हैं।
गोलियों का हिसाब देना होगा
शस्त्र लाइसेंस धारकों को गोलियों का लेखा जोखा भी पुलिस प्रशासन को देना होगा। कारतूस कहां प्रयोग किया और उनके खोखे कहां हैं। कई लाइसेंस धारकों के पास इसकी जानकारी नहीं है। यह कारण भी उनके लाइसेंस निरस्त होने में सहायक होगा।
उपद्रवियों को भी बेची गोली
बताया जा रहा है कि उपद्रवियों ने लाइसेंस धारकों से कारतूस खरीदे हैं। पुलिस का कहना है कि संदिग्ध शस्त्र लाइसेंस की भी जांच होगी। कहीं उपद्रव में लाइसेंसी शस्त्र से तो गोलियां नहीं बरसाईं गईं।
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जिन जगहों पर उपद्रव हुआ है, वहां के शस्त्र लाइसेंस धारकों को पहले नोटिस किया गया। अब उनके लाइसेंस पर कार्र्रवाई होनी है। पुलिस ने 117 लाइसेंस के निलंबन की रिपोर्ट तैयार कर प्रशासनिक अधिकारियों को भेज दी है। अभी पुलिस की जांच चल रही है।
-डॉ. एएन सिंह, एसपी सिटी