करीब 800 मरीजों का इलाज चल रहा है। इस क्लीनिक में तीन डॉक्टर, तीन नर्स, तीन काउंसलर, दो लैब टेक्नीशियन समेत 25 लोगों का स्टाफ है। जिला अस्पताल के कमरा नंबर 17 में चल रहे इस क्लीनिक के इंचार्ज डॉ. हेमंत ने बताया कि यूपी सरकार इस क्लीनिक को टेकओवर कर लेगी। यह तय किया गया है कि वेटिंग में चल रहे मरीजों का इलाज टेकओवर करने केबाद ही शुरू किया जाएगा। लिहाजा पंजीकरण रोक दिया गया है और इसकेलिए नोटिस भी चस्पा कर दिया गया है।
माइक्रोबायोलॉजी लैब में तैयार हो रहा बड़ा केंद्र
उत्तर प्रदेश सरकार राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के तहत मेडिकल कॉलेज की माइक्रोबायोलॉजी लैब में भी हेपेटाइटिस सी का बड़ा केंद्र बनाया जा रहा है। इसमें हेपेटाइटिस सी के मरीजों का इलाज किया जाएगा। मेरठ केअलावा बागपत, शामली, मुजफ्फरनगर, बिजनौर, गाजियाबाद, हापुड़, बुलंदशहर और गौतमबुद्धनगर आदि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिलों के मरीज यहां इलाज करा सकेंगे।