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किशोरी से दुष्कर्म के आरोपी दरोगा का कोर्ट में सरेंडर, भेजा जेल

Thu, 02 Mar 2017 11:50 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ मेरठ
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आरोपी दरोगा
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किशोरी को थाने से होटल में ले जाकर दुष्कर्म करने के आरोप में एक माह से वांटेड चल रहे थाना ब्रह्मपुरी के दरोगा संजीव कुमार ने बुधवार को गुपचुप तरीके से कोर्ट में सरेंडर कर दिया। कोर्ट ने आरोपी दरोगा को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में जेल भेजा है।
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पुलिस के अनुसार बीती 25 जनवरी को थाना टीपी नगर क्षेत्र से अपह्त किशोरी को दूसरे समुदाय के तीन युवक लेकर ब्रह्मपुरी थाने पहुंचे थे। आरोप है कि दरोगा ने किशोरी को थाना टीपी नगर या महिला थाने में नहीं भेजा, बल्कि रात भर शहर के एक होटल में रखकर उसके साथ दो बार दुष्कर्म किया। जिसका मुकदमा टीपीनगर थाने में लिखा गया। तभी से दरोगा संजीव कुमार डोगरा फरार चल रहा था। एसएसपी के निर्देश पर टीपी नगर पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी का वारंट लिया था। बुधवार सुबह करीब दस बजे दरोगा संजीव कुमार गुपचुप तरीके से कोर्ट में सरेंडर करने पहुंच गया।

पहचान छिपाने का यह फंडा
पुलिस ने दरोगा को कचहरी स्थित सदर हवालात में रखा। शाम चार बजे बंदियों को पेशी के बाद जेल ले जाने के लिए बंदी वाहन सदर हवालात के बाहर लगवा दिया। इसकी जानकारी पर कोर्ट पहुंची महिला थाना पुलिस ने दरोगा को रिमांड पर लेने की अर्जी लगा दी। दरोगा ने जेल जाने के दौरान खुद की पहचान छिपाने के लिए पहले अपने मुंह पर कपड़ा बांधा और फिर सदर हवालात में कई बंदियों के मुंह पर कपड़ा बंधवा दिया। उसके बाद एक के बाद एक बंदी मुंह पर कपड़ा बांधकर हवालात से बंदी वाहन में बैठने लगे।
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सेटिंग से हुआ सरेंडर

दरोगा ने किया सरेंडर
एक माह तक पुलिस ने आरोपी दरोगा को अपना बचाव करने का पूरा मौका दिया। आरोपी दरोगा के परिजनों की पीड़ित परिवार से समझौते संबंधित बातचीत भी हुई। पुलिस महकमे में चर्चा है कि दरोगा सेटिंग से सरेंडर हुआ है। हालांकि एसएसपी जे. रविंदर गौड़ का कहना है कि उसके घर की कुर्की करने की तैयारी चल रही थी। इसी डर से दरोगा ने सरेंडर किया है। सेटिंग करने का आरोप गलत है।

कहां रहे दरोगा जी बताओ
टीपीनगर से यह मुकदमा महिला थाने में ट्रांसफर हो गया था। दरोगा के सरेंडर की जानकारी पर पहुंची महिला थाना पुलिस ने आरोपी दरोगा से पूछा कि इतने दिन कहां रहे दरोगा जी। जिस पर दरोगा चुप रहा। दरोगा ने जेल जाने से पहले दो पुलिसकर्मियों कहा कि वह बेकसूर है।

तीन दिन पहले लगी थी अर्जी
पुलिस के मुताबिक तीन दिन पहले दरोगा के सरेंडर की अर्जी डाली गई थी। जिसमें कहा गया कि उसे दुष्कर्म के फर्जी मामले में पुलिस परेशान कर रहीं है। प्रार्थनापत्र स्वीकार करते हुए अपर जिला जज पॉस्को कोर्ट लक्ष्मी चंद शुक्ला ने बुधवार को जेल भेजने के आदेश दिए।

एसएसपी ऑफिस पहुंचे लोग
बुधवार को किशोरी के रिश्तेदारों की तरफ से कुछ लोग एसएसपी ऑफिस पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि किशोरी गलत आरोप लगाकर बेकसूर लोगों को दुष्कर्म के मामले में जेल भिजवा रही है। जिस पर एसएसपी ने कहा कि 164 के बयानों के आधार पर आरोपियों पर कार्रवाई की जा रही है। नामजद सभी आरोपियों को पुलिस जेल भेजेगी।
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