राम मंदिर निर्माण के नाम पर वसूली कर रहा था वसूली, पकड़कर जेल भेजा
मेरठ। अयोध्या में श्रीराम मंदिर निर्माण के नाम पर चंदा वसूली करने वाले आरोपी गिरफ्तार कर पुलिस ने जेल भेज दिया। पुलिस ने बताया कि दो दिन पहले ही आरोपी ने जागृति विहार में ऑफिस खोला था। वह अयोध्या जाने की तैयारी में लगा था।
एसओ मेडिकल कुलवीर सिंह ने बताया कि विश्व हिंदू परिषद के प्रांतीय सह मंत्री राजकुमार डूंगर ने शिकायत की थी कि जागृति विहार में श्रीराम तीर्थ ट्रस्ट के नाम से ऑफिस खोला गया है। जहां अयोध्या में श्रीराम मंदिर के निर्माण में चंदा वसूलने के नाम पर लोगों को ठगा जा रहा है। मेडिकल पुलिस ने जागृति विहार में छापा मारा और नरेंद्र राणा निवासी कुरालसी बुढ़ाना मुजफ्फरनगर को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार, आरोपी के पास से चार इलेक्ट्रानिक मशीन मिली। उसके जरिये वह लोगों से पैसा लेकर बिल देता था। आरोपी ने ट्रस्ट का रजिस्ट्रेशन भी एक सप्ताह पहले कचहरी से करा लिया था। पुलिस ने बताया 43 लोगों के नाम एक रजिस्टर में मिले हैं, जिनसे चंदे के नाम पर पैसा लिया गया। आरोपी अयोध्या जाने की तैयारी कर रहा था और वहां से भी रजिस्ट्रेशन कराना चाहता था। पुलिस ने आरोपी नरेंद्र राणा को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।
विश्व हिंदू परिषद का थाने पर हंगामा
नरेंद्र राणा श्रीराम तीर्थ ट्रस्ट बनाकर चंदा वसूली कर रहा था। इसकी सूचना विश्व हिंदू परिषद (विहिप) को लगी तो आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए शनिवार को मेडिकल थाने में हंगामा किया। विहिप के महानगर संयोजक अर्जुन राठी ने बताया गढ़ रोड स्थित गांव जिठौली में मंदिर से कुछ लोगों ने यह घोषणा की थी कि वह अयोध्या मंदिर निर्माण के लिए चंदा इकट्ठा कर रहे हैं।
एसपी सिटी डॉ. अखिलेश नारायण सिंह कहना है कि अयोध्या में मंदिर निर्माण के नाम पर चंदा वसूलने के मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अभी उसके साथियों की तलाश कर रही है, जो कि ऑफिस में बैठकर चंदे के नाम पर अवैध वसूली कर रहे थे।
श्रीराम मंदिर के नाम पर चंदा लेने के लिए नहीं है कोई अधिकृत
मेरठ। विश्व हिंदू परिषद की शनिवार को आयोजित आपात बैठक में प्रांत सह मंत्री राजकुमार डूंगर ने बताया कि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ने अभी तक किसी को भी चंदा लेने के लिए अधिकृत नहीं किया है। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ने अभी तक किसी को भी श्रीराम मंदिर के नाम पर चंदा वसूलने के लिए अधिकृत नहीं किया है। बैंक में जाकर श्रीराम भक्त सीधा संस्था के खाते में दान जमा कर सकते हैं। विहिप ने सभी श्रीराम भक्तों से आग्रह किया है कि अगर कोई श्रीराम मंदिर के नाम पर चंदा मांगता है तो इसकी जानकारी विहिप कार्यकर्ता या स्थानीय थाना पुलिस को दें। संगठन नगर और ग्रामीण क्षेत्रों में जाकर लोगों को जागरूक करेगा। महानगर प्रचार प्रमुख मधुबन आर्य ने कहा श्रीराम मंदिर के नाम पर अवैध धंधा चलाने का प्रयास करने वालों की संगठन ने घेराबंदी शुरू कर दी है। महानगर मंत्री निमेश वशिष्ठ ने कहा अगर कोई श्रीराम मंदिर के नाम पर चंदा मांगता है तो इसकी जानकारी संबंधित थाने में दी जाए।