मंगलवार को शामली, हापुड़, बागपत आदि जिलों से भर्ती प्रक्रिया में भाग लेने पहुंचे 1017 अभ्यर्थियों से अलग-अलग चरण में दौड़ लगवाई गई थी। अभ्यर्थियों को निर्धारित 28 मिनट के भीतर 12 चक्कर लगाकर 4.8 किलोमीटर की दूरी तय करनी थी। भीषण गर्मी और उमस में दोपहर लगभग 12 बजे दूसरे, तीसरे और चौथे राउंड के दौरान एक के बाद अभ्यर्थियों की हालत बिगड़नी शुरू हुई थी। उन्हें एंबुलेंस की मदद से मेरठ मेडिकल कॉलेज ले जाया गया।
तरुण के ताऊ रामसिंह ने बताया कि उनका छोटा भाई अशोक कुमार हापुड़ के इंटर कॉलेज में संविदा पर शिक्षक पद पर कार्यरत है। अशोक के बेटे तरुण की हालत बिगड़ने की सूचना पर वह मंगलवार को मेरठ पहुंचे। तरुण को पुलिस पहले जिला अस्पताल लेकर पहुंची थी। यहां से उसे मेरठ मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। हालत गंभीर होने पर उसे न्यूटिमा अस्पताल में भर्ती कराया गया। तबीयत बिगड़ने पर उसके दिल और दिमाग में परेशानी होने लगी थी। न्यूटिमा अस्पताल के डॉ. संदीप गर्ग ने बताया कि हीट स्ट्रोक के कारण हालत बिगड़ने पर तरुण को इलाज के लिए लाया गया था। उसे बचाने का प्रयास किया गया लेकिन उसकी मौत हो गई।
इनकी भी बिगड़ी थी हालत
होमगार्ड भर्ती के लिए शारीरिक दक्षता परीक्षा में दौड़ लगा रहे बागपत जनपद के अग्रवाल मंडी टटीरी निवासी शिवम, अस्फराबाद निवासी शौकीन, सिंघावली निवासी मोनू, शामली जनपद के मानपुर निवासी अर्जुन, शामली के झिंझाना निवासी रितिक, शामली के सलावर निवासी निशु, अंकित और सचिन की भी मंगलवार को हीट स्ट्रोक के कारण हालत बिगड़ गई थी।
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