पंचायत चुनाव के दूसरे चरण का मतदान आज होगा। इसमें क्षेत्र पंचायत की 236 सीटों पर 1090 प्रत्याशियों और जिला पंचायत की दस सीटों पर खड़े 137 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला होगा। तीनों ब्लॉकों के कुल 354422 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। दूसरे चरण का चुनाव कैबिनेट मंत्री शाहिद मंजूर के पुत्र नवाजिश मंजूर और एमएलसी डॉ. सरोजनी अग्रवाल के भतीजे अजय अग्रवाल के कारण वीआईपी माना जा रहा है।
दूसरे चरण में खरखौदा ब्लॉक की 61 क्षेत्र पंचायत सीटों के लिए मतदान होगा, इनके लिए कुल 327 प्रत्याशी मैदान में है। वहीं रजपुरा ब्लॉक की 96 क्षेत्र पंचायत सीटों के लिए 386 और माछरा की 79 क्षेत्र पंचायत सीटों के लिए 377 दावेदार चुनाव लड़ रहे हैं। दूसरे चरण का चुनाव इन ब्लॉकों में ब्लॉक प्रमुख की दशा और दिशा भी तय करेगा।
वहीं दूसरी तरफ जिला पंचायत के वार्ड 22 से 31 तक का चुनाव भी दूसरे चरण में हो रहा है। जिसके लिए 137 प्रत्याशी मैदान में है। इनमें वार्ड 22 से 19, वार्ड 23 से 15, वार्ड 24 से 19, वार्ड 25 से 15, वार्ड 26 से 12, वार्ड 27 से 12, वार्ड 28 से 15, वार्ड 29 से 11, वार्ड 30 से 12 और वार्ड 31 से सात प्रत्याशी मैदान में है।
इन पर होगी खास नजर
दूसरे चरण में वार्ड 31 से चुनाव लड़ रहे नवाजिश मंजूर और वसीम जब्बार, वार्ड 22 से अजय अग्रवाल, अमित त्यागी, फतेहयाब और रविंद्र, वार्ड 28 से वर्तमान जिला पंचायत सदस्य विश्वराज विशु, वार्ड 26 से विनीत कुमार, वार्ड 27 से अजय मलिक, लीले सिंह और वार्ड 30 से वर्तमान जिला पंचायत सदस्य डॉ. मनोज अधाना पर सबकी नजर होगी।
प्रत्याशी ने बांटी शराब, तीन की हालत खराब
खिवाई गांव में सोमवार को एक प्रत्याशी ने ग्रामीणों को कच्ची शराब बांट दी। जिसमें तीन लोगों की हालत खराब हो गई। तीनों लोगों को मेरठ के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस गांव से जांच के नाम पर खानापूर्ति करके वापस लौट गई। सरूरपुर इलाके में जिला पंचायत का चौथे चरण में चुनाव होगा। मामले की जानकारी के बाद सरधना सीओ बृजेश सिंह ने आरोपी प्रत्याशी के खिलाफ जांच के बाद केस दर्ज करने के निर्देश एसओ को दिए।
सीओ ने कहा कि इस मामले की शिकायत ग्रामीण भी नहीं करते तो पुलिस प्रत्याशी के खिलाफ केस दर्ज खुद करेगी। ग्रामीणों के अनुसार कई दिनों से खिवाई गांव में हरियाणा से तस्करी की शराब जमकर पिलाई जा रही है। शाम होते ही गांव के गली मोहल्लों में प्रत्याशी के समर्थक बच्चों से लेकर बड़े बुजुर्ग को शराब बांट रहे हैं।
अनुपस्थित पीठासीन एवं मतदान अधिकारियों पर एफआईआर
जिला निर्वाचन अधिकारी पंकज यादव के निर्देश पर दूसरे चरण में ड्यूटी पर लगाए गए 15 पीठासीन अधिकारियों और एक दर्जन मतदान अधिकारियों के खिलाफ लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम-1951 की धारा-134 के तहत एफ आईआर दर्ज कराई गई है। ये अधिकारी पोलिंग टीम की रवानगी के समय ड्यूटी से अनुपस्थित रहे। साथ ही मतदान सामग्री लेने भी नहीं पहुंचे। अपर जिलाधिकारी प्रशासन दिनेशचंद्र ने बताया कि इन अधिकारियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई और निलंबन के लिए जिलाधिकारी द्वारा इनके कार्यालय और विभाग प्रमुखों को पत्र प्रेषित किया जा रहा है। उनके मुताबिक, पीठासीन अधिकारी असीम रंजन, पदम सिंह, अजुदया प्रसाद शर्मा, राजेश कुमार राम, अशोक, दिनेश कुमार, अशोक कुमार गुुप्ता, विरेंद्र सिंह, सुनील कुमार, रंजीत कुमार चौधरी, महिपाल सिंह, सचिदानंद त्रिपाठी, उमेश कुमार और सुरेश पाल त्यागी के अलावा एक दर्जन मतदान अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है।
पूरा माछरा ब्लॉक पुलिस की रडार पर
आज होने वाले दूसरे चरण के मतदान को देखते हुए पूरे माछरा ब्लॉक को अति संवेदनशील प्लस की श्रेणी में घोषित कर दिया गया है। रजपुरा और खरखौदा ब्लॉक को छोड़कर माछरा ब्लॉक में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किये हैं। पांच साल पहले हुए चुनाव में कई घटनाओं को देखते हुए डीआईजी रेंज आशुतोष कुमार और एसएसपी दिनेशचंद दूबे ने रात में मंथन किया। एसएसपी ने बताया कि तीनों ब्लॉकों में दूसरे चरण के चुनाव के लिए पर्याप्त संख्या में पुलिस बल के अलावा आरएएफ और पीएसी तैनात की गई है।
मतदाता निडरता और भयमुक्त होकर मताधिकार का प्रयोग करे। एसपी देहात कै प्टन एमएम बेग को माछरा ब्लॉक, एसपी क्राइम तेजस्वरूप सिंह को रजपुरा और खरखौदा में एसपी ट्रैफिक पीके तिवार को लगाया गया है। माछरा में स्थानीय थानेदार और सर्किल के अलावा तीन सीओ और पांच थाना प्रभारी को तैनात किया गया है।
निर्वाचन लोकतंत्र की बुनियाद : नवतेज सिंह
निर्वाचन लोकतंत्र की बुनियाद है, उसे किसी भी स्थिति में कमजोर नहीं होने देना है। इसलिये निर्वाचन आयोग द्वारा जो में हमें दायित्व सौंपा गया है उसका पालन कराना हम सबका कर्तव्य है। यह निर्देश पंचायत चुनाव में मेरठ के आब्जर्र्वर नवतेज सिंह ने रजपुरा ब्लॉक के ग्राम मउखास के इंटर कालेज में सेक्टर और जोनल मजिस्ट्रेटों को दिए।
उन्होंने कहा कि मतदाता अपना मत देकर तत्काल मतदान स्थल से बाहर आ जाए। यदि कोई अभिकर्ता मतदान केंद्र के अंदर किसी प्रकार अव्यवस्था फैलाता है तो पीठासीन अधिकारी उन्हें मतदान केंद्र से बाहर कर सकते है।
डीएम पंकज यादव ने कहा कि सेक्टर एवं जोनल मजिस्ट्रेट अपने अपने केंद्र पर रात्रि में ही भ्रमण करें। निरीक्षण के दौरान वह यह भी देख लें कि मतदान केंद्र के खिड़की और दरवाजे टूटे हुए तो नहीं है। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने सेक्टर और जोनल मजिस्ट्रेटों से कहा कि मतदान केंद्रों के बाहर अनावश्यक भीड़ न होने दें तथा धारा 144 का अनुपालन कराया जाए।
डीएम ने मतदान कर्मियों के लिये नवरात्र के प्रथम दिने को देखते हुए भोजन के साथ-साथ फलाहार की भी व्यवस्था होने की बात कही। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दिनेश चंद्र दूबे ने कहा कि निर्वाचन को शांतिपूर्ण सम्पन्न करवाने के लिये उनके पास पर्याप्त पुलिस बल है। उन्होंने बताया कि सिविल पुलिस के साथ-साथ पीएसी, आरएएफ के सशस्त्र जवान मतदान केंद्रों पर तैनात किए गए हैं। इस अवसर पर एडीएम (ई) दिनेश चंद्र ने पूरी मतदान प्रक्रिया पर विस्तृत जानकारी दी।