शहर के पॉश इलाकों में भी बिजली चोरी कम नहीं है। रसूखदार इलाका होने के चलते विभागीय अधिकारियों की भी यहां चेकिंग कराने की हिम्मत नहीं होती।
शहर में नौचंदी, विकासपुरी, लिसाड़ी गेट, लिसाड़ी रोड, लेडीज पार्क, रामलीला ग्राउंड, मेडिकल, शारदा रोड, हापुड़ रोड और एल ब्लाक बिजलीघर क्षेत्र बिजली चोरी के लिए बदनाम है। इन बिजलीघर क्षेत्रों में 40 से 73 फीसदी तक बिजली चोरी हो रही है। हैरान करने वाली बात ये है कि साकेत, सिविल लाइन, ईस्टर्न कचहरी रोड, भगत लाइन, शास्त्री नगर और जागृति विहार जैसे पॉश इलाकों में भी बिजली चोरी होती है। यह बात अलग है कि इसका आंकड़ा बदनाम क्षेत्र के मुकाबले कम है। लेकिन यहां भी 14 से 19 फीसदी तक बिजली चोरी हो रही है।
वीआईपी क्षेत्र में भी हो रही बिजली चोरी
सिविल लाइन को वीआईपी क्षेत्र माना जाता है। यहां सरकारी अधिकारियों की कोठी के अलावा रसूखदार लोग निवास करते हैं। यहां के फीडर पर भी 16 फीसदी से ज्यादा चोरी हो रही है। यही हाल साकेत कालोनी का भी है। यहां भी 16 फीसदी बिजली चोरी हो रही है। मवाना रोड स्थित डिफेंस कालोनी फीडर पर भी 11 फीसदी से ज्यादा बिजली चोरी रिकार्ड की जा रही है।
वीआईपी और पॉश इलाकों में बिजली चोरी का तरीका अलग
चोरी के लिए बदनाम इलाके में जहां सीधे कटिया और मीटर में शंट लगाकर बिजली चोरी होती है वहीं पॉश इलाकों में बिजली चोरी का तरीका दूसरा है। यहां पर स्वीकृत लोड से अधिक लोड इस्तेमाल होना और रसूख के चलते मीटर में आने वाली अधिकतम डिमांड को मीटर रीडरों द्वारा सुविधा शुल्क लेकर छोड़ देना या कम दिखाना शामिल है।
कहां कितनी बिजली चोरी
फीडर चोरी फीसदी में
साकेत 16
सिविल लाइन 16
इस्टर्न कचहरी रोड 18
भगत लाइन 19
शास्त्रीनगर 16
जागृति विहार 16
वेस्ट एंड रोड 21
साकेत कुंज 16
यशोदा कुंज 17
गंगानगर 12
ग्लोबल सिटी 11
डिफेंस कालोनी 11
राधा गार्डन 11
सैनिक विहार 12
श्रद्धापुरी 12