- दोपहर 12:30 बजे अनुमति मिलने पर निकाली गई शोभायात्रा, 4:00 बजे हुआ समापन
संवाद न्यूज एजेंसी
खरखौदा (मेरठ)। विश्व हिंदू परिषद व बजरंग दल के नेतृत्व में रविवार को भगवान परशुराम की शोभायात्रा को पुलिस ने बिना अनुमति निकाले जाने पर रोक दिया। हिंदू संगठनों को शोभायात्रा रोके जाने की जानकारी हुई तो सैकड़ों कार्यकर्ता इकट्ठा हो गए और पुलिस से जमकर विरोध हुआ। पुलिस भी बिना अनुमति के शोभायात्रा न निकालने की जिद पर अड़ी रही। बाद में विश्व हिंदू परिषद ने आनन-फानन में अनुमति कराकर शोभायात्रा निकाली। इस दौरान कार्यकर्ताओं की पुलिस से कई बार झड़प भी हुई।
विश्व हिंदू परिषद व बजरंग दल द्वारा भगवान परशुराम की शोभायात्रा रविवार को निकालने के लिए कई दिन से तैयारी की जा रही थी। शोभायात्रा कस्बा खरखौदा स्थित जनता इंटर कॉलेज के सामने से शुरू होकर गांव खासपुर व बवनपुरा से होते हुए गांव अतराडा में मंदिर पर समाप्त होनी थी। शोभायात्रा पहले गांव खासपुर में निकाली जाती थी। रविवार को निकाली जाने वाली शोभायात्रा की किन्हीं कारणों से अनुमति नहीं हो सकी। रविवार सुबह 9:00 बजे ही सैकड़ों की संख्या में कार्यकर्ता डीजे व कई झांकियां लेकर कस्बा खरखौदा में जनता इंटर कॉलेज के सामने इकट्ठा हो गए।
शोभायात्रा की सूचना पर सीओ किठौर प्रमोद कुमार सिंह भी कई थानों की फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। शोभायात्रा की पुलिस प्रशासन से अनुमति न होने के कारण पुलिस ने यात्रा को रोक दिया। यात्रा रोकने पर हिंदू संगठनों में रोष फैल गया। सूचना पर बजरंग दल के प्रांत संयोजक निमेष वशिष्ठ, अखिल भारतीय हिंदू सुरक्षा संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सचिन सिरोही, धर्मेंद्र मलिक, भाजपा नेता प्रदीप त्यागी, रुद्राक्ष त्यागी, हर्ष शर्मा सहित अन्य कई लोग मौके पर पहुंच गए। पुलिस द्वारा शोभायात्रा रोके जाने की सूचना फैली तो भीड़ इकट्ठा होने लगी।
हिंदू संगठन के लोग भी अनुमति न होने के बावजूद शोभायात्रा निकालने की जिद पर अड़े रहे। दोनों पक्षों की झड़प में सीओ किठौर ने कई कार्यकर्ताओं को भुगतने की भी धमकी दी। दोपहर करीब 12:30 बजे शोभायात्रा निकालने की अनुमति मिली। दोपहर 1:00 बजे यात्रा शुरू होकर शाम करीब 4:00 बजे गांव अतराडा में मंदिर परिसर में समाप्त हुई। यात्रा में प्रखंड मंत्री राहुल, जिला मंत्री शेखर त्यागी, जिला विद्यार्थी प्रमुख विकास, हर्ष शर्मा, जिला पंचायत सदस्य ऋषि त्यागी, मोनू बजरंगी कैली, जितेंद्र त्यागी, पीयूष खासपुर, गौरव शर्मा सहित कई लोग मौजूद रहे।
खरखौदा में भगवान परशुराम की शोभायात्रा के दौरान पुलिस व हिंदू संगठनों की झड़प होते हुए (संवाद)