नाजिम ने पुलिस को बताया कि उसने 2011 में सऊदी अरब में मजदूरी करने जाने के लिए पासपोर्ट बनाया था। 2016 में उसने वीजा प्राप्त करने के लिए दिल्ली में साक्षात्कार दिया। उसमे वह फेल हो गया। अपना पासपोर्ट सुहैल को दे दिया। इसके बाद उसे नहीं मालूम कि उसका पासपोर्ट कहां गया। नाजिम के परिजनों के मुताबिक वह पढ़ा लिखा नहीं है। इसलिए उसे पासपोर्ट के बारे में पूरी जानकारी नहीं है।
उसने पासपोर्ट कहां गया इसके बारे में जानकारी नहीं ली। नाजिम के पासपोर्ट से किसी और व्यक्ति को विदेश भेज दिया गया है। विदेश जाने वाला रोंहिग्या था। सऊदी अरब से म्यांमार जाते हुए वह पकड़ा गया है। पुलिस के मुताबिक रोहिंग्या ने नाजिम के पासपोर्ट से अब तक कई देशों की यात्रा की है।
पुलिस नाजिम की बात पर भरोसा नहीं कर रही है कि उसका पासपोर्ट खोया गया है। नाजिम व सुहैल के पकड़े जाने के बाद जिले की पुलिस व सुरक्षा एजेंसी बाकी पासपोर्ट को खंगालने में जुट गई हैं। एसपी देहात संजय कुमार खुद तमाम पासपोर्ट जांच पड़ताल करने में जुटे हैं।
उन्हें शक है कि दो तीन और मामले इस तरह के जिले में हो सकते हैं। एसपी देहात संजय कुमार के मुताबिक तमाम पासपोर्ट की गहनता से जांच की जा रही है। नाजिम व सुहैल का पुलिस पहले ही चालान कर चुकी है। जिले के तमाम पासपोर्ट को खंगाला जा रहा है।