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कुंवारों को जाल में फंसा, ऐसे बनाते थे शिकार, कई राज्यों में फैला नेटवर्क

Mon, 09 Apr 2018 03:17 PM IST
यूपी डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
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फाइल फोटो
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मेरठ में इस मैरिज ब्यूरो में कुंडली मिलाने से लेकर दुल्हन दिखाने तक में फर्जीवाड़ा होता था। कुंवारों को मनचाही लड़की से शादी कराने के सपने दिखाकर उनसे हजारों रुपये ऐंठ लिए जाते थे। कई मामलों में सगाई तक हो जाती थी। लेकिन शादी की नौबत आने से पहले मैरिज ब्यूरो वाले सामान समेटकर फरार हो जाते थे। इस तरह की ठगी का शिकार इंजीनियर से लेकर डॉक्टर तक हुए। नौचंदी पुलिस ने दोनों आरोपियों को रविवार को जेल भेज दिया।

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साइबर सेल और नौचंदी पुलिस ने शनिवार को नौचंदी इलाके में छापा मारकर इस मैरिज ब्यूरो का भंडाफोड़ किया था। मौके से तीन महिलाओं समेत पांच आरोपी गिरफ्तार किया था। एसपी क्राइम शिवराम यादव ने बताया कि मुख्य आरोपी अमित अग्रवाल निवासी गोकुल धाम मेडिकल और राहुल निवासी बहचौला को जेल भेजा गया, जबकि तीनों महिलाओं को थाने से छोड़ा गया है। 

कुंडली में मिलते थे सारे गुण
साइबर सेल के एक्सपर्ट विजय कुमार ने बताया कि इस मैरिज ब्यूरो में सब कुछ फर्जी था। उत्तर प्रदेश, दिल्ली, राजस्थान, देहरादून के युवकों को इस तरह झांसे में लिया जाता था कि वह तुरंत रजिस्ट्रेशन के नाम पर 10 हजार रुपये जमा कर देते थे। जब दुल्हन ही फर्जी है तो उसकी कुंडली कौन सी असली होगी। ये आरोपी पहले शादी करने के इच्छुक युवक की कुंडली मंगवाते थे और उसी हिसाब से दुल्हन की भी मनचाही कुंडली बनाते थे। ऐसे में 36 तो क्या 72 गुण तक मिल जाते थे। ठगी करने के बाद ऑफिस बंद कर दूसरे शहर या राज्य में डेरा जमा लेते थे।
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इंजीनियर से लेकर डॉक्टर शिकार

फाइल फोटो
साइबर एक्सपर्ट के अनुसार शहर में चल रहे अधिकांश मैरिज ब्यूरो में सुंदर व शिक्षित लड़की से शादी कराने का गोरखधंधा चल रहा है। जिनमें नामी और रजिस्टर्ड मैरिज ब्यूरो का डाटा चुराकर बड़े शहरों के लड़कों को सबसे ज्यादा ठगा जाता है। अभी तक की जांच में आरोपी करीब तीन माह में छह सौ से ज्यादा लोगों को ठग चुके थे। इनमें डॉक्टर और इंजीनियर भी हैं। एक माह पहले शास्त्रीनगर निवासी 36 वर्षीय इंजीनियर से भी ठगी की गई थी। यह इंजीनियर नोएडा की एक कंपनी में कार्यरत है। वहीं गाजियाबाद निवासी 40 वर्षीय डॉक्टर भी ठगी का शिकार हुए हैं। एसपी क्राइम का कहना है कि फर्जी मैरिज ब्यूरों से जो फार्म बरामद हुए हैं उनके आधार पर जांच की जा रही है।

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