जिला पंचायत अध्यक्ष सीमा प्रधान के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का शपथ पत्र सौंपे जाने के बाद मंगलवार को सीमा और उनके पति सपा नेता अतुल प्रधान ने मीडिया से बात की। दोनों ने आरोप लगाया कि भाजपा सत्ता के दबाव और धनबल के साथ लोकतंत्र की हत्या कर रही है। उन्होंने कहा कि सोमवार को 3:30 घंटे जिलाधिकारी आवास भाजपा की राजनीति का अड्डा बना रहा। उन्होंने प्रोजेक्टर पर कुछ फोटो और वीडियो दिखाते हुए बताया कि जिलाधिकारी आवास पर ही नौकरी करने वाले को बुलाया गया और वहीं पर शपथ पत्र तैयार कराए गए। इतना ही नहीं बल्कि सदस्यों के हस्ताक्षर भी कराएं गए। इस दौरान सदस्यों ने वहां पर नाश्ता भी किया। अतुल प्रधान ने कहा कि कुछ दिन पहले जिलाधिकारी को एक पत्र के माध्यम से धमकी मिली थी कि जिलाधिकारी आवास बम से उड़ा दिया जाएगा। बावजूद इसके भाजपा नेता जिलाधिकारी आवास पर राइफल और पिस्टल लेकर खुलेआम घूमते नजर आए। इससे पता चलता है कि प्रशासन पर भाजपा ने पूरी तरह सत्ता का दबाव बनाया हुआ है। उन्होंने कहा, 'भले ही भाजपाईयों ने 19 सदस्यों के शपथ पत्र सौंपे, लेकिन पूरे 18 सदस्यों का समर्थन प्राप्त है। विश्वास मतदान होगा और वास्तविकता सामने आ जाएगी। इस दौरान सभा के जिलाध्यक्ष जयवीर सिंह पार्टी कार्यालय पर आयोजित इस प्रेस वार्ता में मौजूद रहे।
भाजपा नेता रायफल लेकर पहुंचे
सत्ता की हनक भाजपाइयों के भीतर भी पूरी तरह नजर आ रही है। यही नहीं, उनके दबाव में कहीं न कहीं पुलिस प्रशासन भी नजर आ रहा है। तभी तो डीएम आवास के भीतर भाजपाई हथियारबंद प्राइवेट सुरक्षाकर्मियों के साथ चहलकदमी करते नजर आये। भाजपा और असंतुष्ट दूसरे दलों के जिला पंचायत सदस्य अविश्वास प्रस्ताव के शपथ पत्र सौंपने डीएम आवास पहुंचे थे। इनके साथ करीब आधा दर्जन हथियारबंद युवक थे। जिनमें कुछ तो खुले तौर पर पिस्टल और रायफल लिए थे। अहम बात ये रही कि इन लोगों को डीएम आवास पर मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने बाहर रोकना तो दूर आवास परिसर में एक तरफ बैठने तक को नहीं कहा। ये हथियारबंद युवक पूरे परिसर में चहलकदमी करते नजर आए।