संवाद न्यूज एजेंसी
सरधना। पैगंबर-ए-इस्लाम हजरत मोहम्मद साहब के जन्मदिन के अवसर पर बारह रबी-उल-अव्वल का त्योहार नगर में अकीदत और श्रद्धा के साथ मनाया गया। अकीदतमंदों ने घरों और मस्जिदों में रातभर इबादत कर देश की तरक्की, अमन-चैन और लोगों की खुशहाली के लिए दुआ मांगी। मिलाद की महफिलें आयोजित कर पैगंबर-ए-इस्लाम के बताए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया।
बारह रबी-उल-अव्वल को लेकर मुस्लिम समाज में खासा उत्साह रहा। त्योहार से करीब एक सप्ताह पहले ही नगर की गलियों, सड़कों और घरों को सजाया गया था। मस्जिदों और इबादतगाहों को भी रंगीन झालरों से सजाया गया। बुधवार रात अकीदतमंदों ने घरों और मस्जिदों में इबादत की। कार्यक्रमों की शुरुआत उलमाओं ने कुरान-ए-पाक की तिलावत और नात-ए-पाक से की।
शहर काजी मुफ्ती शाकिर कासमी और जामिया सबील-उल-फलाह हर्रा के मोहतमिम मुफ्ती मोहम्मद इसराईल ने कहा कि पैगंबर-ए-इस्लाम हजरत मोहम्मद साहब पूरी दुनिया के लिए रहमत हैं। उनके बताए रास्ते पर चलकर इंसानियत और भाईचारे को मजबूत किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि इस मौके पर गरीब, असहाय, मजबूर, बेसहारा और विधवाओं की सामर्थ्य के अनुसार मदद करनी चाहिए। इस दौरान विभिन्न मदरसों के छात्रों ने भी देश में अमन-चैन और भाईचारे की मजबूती के लिए दुआ की।