जनधन खाते में 100 करोड़ आने की शिकायत करने वाला दंपति (फाइल फोटो)
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जिस महिला ने अपने जनधन खाते में अचानक से करीब 100 करोड़ रुपये जमा होने का दावा किया था, वह सोमवार को जांच में गलत निकला। बैंक अफसरों ने बताया कि महिला का खाता केवाईसी अपडेट न होने की वजह से होल्ड पर लगाया गया था। होल्ड रकम को जमा रकम समझने की भूल से ऐसा हुआ है।
माधवपुरम निवासी शीतल सिंह पत्नी जिलेदार सिंह यादव ने रविवार को दावा किया था कि उसके एसबीआई की शारदा रोड स्थित शाखा के जनधन खाते में अचानक करीब 100 करोड़ (99 करोड़ 99 लाख 99 हजार 394 रुपये) जमा हो गए हैं। इसकी शिकायत बैंक अफसरों के साथ ही प्रधानमंत्री कार्यालय से की गई थी। जिस पर सोमवार को चीफ मैनेजर विपिन विश्नोई ने इस खाते की जांच कराई। कार्यवाहक शाखा प्रबंधक सुशील कुमार सिंह के अनुसार महिला का खाता अगस्त 2015 में खोला गया था। इसके बाद से खाते में ज्यादा लेनदेन नहीं हुआ। इस वक्त खाते का बैलेंस कुल 611 रुपये है। महिला के केवाईसी प्रपत्र पूरे न होने की वजह से उनका खाता 16 अक्तूबर को होल्ड कर दिया गया था।
इसलिए हुई गफलत
खाता होल्ड होने पर कोई भी रकम निकाली नहीं जा सकती। इसलिए बैंक द्वारा अधिक से अधिक रकम दर्ज कर उसे होल्ड कर दिया जाता है, ताकि कोई भी व्यक्ति इसमें रकम जमा कर उसे न निकाल सके। यह रकम माइनस में दर्ज होती है। महिला द्वारा निकाली गई एटीएम स्लिप में भी रकम से पहले माइनस दर्ज है। इस होल्ड रकम को ही महिला और उसके परिजनों ने जमा हुई रकम मान लिया, जो कि एक भ्रांति थी।
मुख्यालय ने मांगी रिपोर्ट
मामले की शिकायत पीएमओ से किए जाने से बैंक प्रशासन में खलबली मच गई। खाते की जांच के बाद बैंक अधिकारी महिला को सही स्थिति से अवगत कराने और उसके केवाईसी प्रपत्र पूरे कराने के लिए खुद उसके घर पहुंचे। लेकिन दंपति घर पर नहीं मिला।
महिला के खाते में कोई रकम जमा नहीं हुई थी। गफलत की वजह से ऐसा हुआ। महिला को सही स्थिति से अवगत करा दिया गया है। उच्चाधिकारियों को भी रिपोर्ट भेजी जा रही है।- आरिफ खान आरएम एसबीआई मेरठ