सड़क निगम की है, पर पार्किंग गुंडागर्दी की है। शहर की सड़कों पर पार्किंग से निगम 11 करोड़ तक कमा सकता है, लेकिन ये कमाई गुंडागर्दी के हाथों में दे दी। शहर में एक दो स्थानों पर नहीं, बल्कि 50 से भी अधिक अवैध वाहन पार्किंग चल रही हैं। बैंक, शापिंग कांपलेक्स, अस्पताल के बाहर जैसे ही आप अपना वाहन खड़ा करेंगे। कोई ना कोई व्यक्ति सीट पर नंबर डालकर आपसे दस से बीस रुपये वसूल कर लेगा। इनसे निगम या किसी सरकारी विभाग का कोई लेना देना नहीं है, ये अपने दम पर आपसे वसूली कर रहे हैं। वाहन पार्किंग नगर निगम के लिए लाखों की आय का साधन है। उसके बाद भी वाहन पार्किंग को लेकर निगम अधिकारी गंभीर नहीं हैं। अगर सभी वाहन पार्किंगों का हिसाब जोड़ा जाए तो दिन भर में तीन लाख रुपये तक बैठते हैं। निगम पिछले सालों में 10 से 12 स्थानों पर वाहन पार्किंग का ठेका छोड़ता था, लेकिन अब बस चार जगहों पर ही निगम की पार्किंग रह गई है। ये चार जगह भी फिलहाल टेंडर न होने से फ्री हैं।
ये बने अवैध पार्किंग के अड्डे
शहर में अवैध पार्किंग होटल, अस्पताल, कोचिंग सेंटर, मंडप, बैंक आदि स्थानों पर चल रही है। सड़क पर ही प्राइवेट लोग पार्किंग शुल्क के नाम पर जनता से अवैध वसूली करते हैं। दिल्ली रोड, गढ़ रोड कुल मिलाकर 50 से अधिक अवैध पार्किंग चल रही हैं। दिल्ली रोड़ स्थित एचडीएफसी बैंक के सामने आधी सड़क तक पार्किंग कराकर वसूली की जा रही है। शाप्रिक्स मॉल के बाहर भी निगम की जगह पर पार्किंग चल रही है। पार्किंग ठेकेदार ये पार्किंग निगम की बताकर वसूली करने में लगा है। अवैध पार्किंग कराने वालों को वाहनों से हर रोज तीन लाख रुपये से अधिक की आय होती है। इस औसत के अनुसार यह आय हर माह 90 लाख और वार्षिक तौर पर 10 करोड़ 80 लाख बैठती है।
पूर्व में यहां थी निगम की पार्किंग
घंटाघर स्थित टाउन हॉल परिसर
गढ़ रोड राधा गोविंद मंडप के पास
स्टेट बैंक ऑफ शास्त्रीनगर
लोकप्रिय हॉस्पिटल के बाहर
एचडीएफसी बैंक कचहरी रोड
मूलचंद शरबती देवी हॉस्पिटल
मिमहेंस हॉस्पिटल
धवंतरी हॉस्पिटल के बाहर
कचहरी पूरी और पश्चिमी गेट
आनंद हॉस्पिटल के बाहर
सूरजकुंड पार्क
चार स्थानों के निकाले टेंडर
नगर निगम प्रशासन ने वर्ष 2017-18 के लिए टाउन हॉल, सूरजकुंड पार्क, मूलचंद शर्बती देवी अस्पताल, पश्चिमी कचहरी के पूर्वी भाग पर वाहन पार्किँग का ठेका छोड़ने के टेंडर निकाले हैं। इससे साफ जाहिर हो गया है कि नगर निगम प्रशासन की मंशा ही नहीं है कि नगर निगम का राजस्व बढ़े और अवैध वसूली पर अंकुश लगे।
जवाब तलब करेंगे
महापौर हरिकांत अहलूवालिया ने कहा कि नगर निगम का राजस्व बढ़ाने के लिए अधिक से अधिक वाहन पार्किंग का ठेका छूटना चाहिए। अगर निगम अधिकारी ऐसा नहीं कर रहे हैं तो जवाब तलब किया जाएगा।