अगर अब किसी को कुत्ता पालना है तो उसको नगर निगम से लाइसेंस लेना होगा। यह निर्णय शनिवार को नगर निगम कार्यकारिणी की पुनरीक्षित बजट बैठक में लिया गया।
कार्यकारिणी की बैठक में प्रस्ताव पास हुआ कि अब कुत्ता पालने के लिए लाइसेंस लेना अनिवार्य होगा। इसके लिए नगर निगम में निर्धारित शुल्क जमा करना होगा।
हालांकि यह प्रस्ताव आगामी 31 दिसंबर को होने वाली नगर निगम बोर्ड बैठक में रखा जाएगा। बोर्ड में पास होने के बाद ही अंतिम निर्णय होगा। साथ ही यह भी फैसला लिया जाएगा कि अगर कोई लाइसेंस लिए बिना कुत्ता पालता है तो उस पर कितना जुर्माना लगेगा।