शामली, कांधला। हरियाणा के किसानों पर फायरिंग करने और मारपीट करने के मामले में हरियाणा पुलिस ने क्षेत्र के गांव गढ़ी रामकौर में स्थानीय पुलिस को लेकर आरोपियों की तलाश में दबिश दी। आरोपियों के न मिलने पर हरियाणा पुलिस बैरंग वापस लौट गई।
थाना क्षेत्र के गांव गढ़ी रामकौर निवासी किसान बनारसी, मांगा, रामफल, कृष्ण, कलीराम, मैनपाल और भूपेंद्र का हरियाणा के किसानों के साथ खादर की जमीन को लेकर विवाद चल रहा है। आरोप है कि छह माह पूर्व गांव गढ़ी रामकौर के कई किसानों ने मिलकर हरियाणा के किसानों पर खादर की जमीन को लेकर फायरिंग करने के साथ ही मारपीट भी की थी। मामले में हरियाणा राज्य की बापौली पुलिस ने हरियाणा के किसानों की तहरीर पर क्षेत्र के गांव गढ़ी रामकौर निवासी किसान मैनपाल, भूपेंद्र, मांगा, रामफल और कलीराम सहित डेढ़ दर्जन किसानों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज करते हुए किसान मेनपाल और भूपेंद्र को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
इस मामले में तभी से गांव गढ़ी रामकौर के डेढ़ दर्जन के साथ फरार चल रहे है। मंगलवार को बापौली थाना प्रभारी निरीक्षक महावीर सिंह भारी पुलिस बल के साथ थाने पहुंचे। हरियाणा पुलिस ने थाने पर अपनी आमद दर्ज कराने के बाद क्षेत्र के गांव गढ़ी रामकौर में फरार चल रहे किसानों की तलाश में दबिश दी। पुलिस के पहुंचने से पहले ही मुकदमे में नामजद किसान गांव से फरार हो गए। मुकदमे में नामजद किसानों के न मिलने के चलते हरियाणा पुलिस बैरंग वापस लौट गई। बापौली थाना प्रभारी निरीक्षक महावीर सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि हरियाणा के किसानों पर फायरिंग और मारपीट करने के मामले में फरार चल रहे किसानों के घरों पर दबिश दी गई, लेकिन कोई गिरफ्तारी नहीं हो पाई है।