भोपा (मुजफ्फरनगर) थाना क्षेत्र के गांव सीकरी में बृहस्पतिवार सुबह दो पक्षों के बीच पंचायत चुनाव को लेकर चली आ रही रंजिश में ग्रामीण लुफतुर्रहमान उर्फ लुतन (50) की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी गई। बीते दो साल में कत्ल की यह तीसरी वारदात है। दस दिन पहले ही पूर्व प्रधान मोहम्मद अम्मार की भी हत्या कर दी गई थी। बुधवार को भी एक ग्रामीण पर फायरिंग की गई थी, जिसके चलते गांव में पीएसी तैनात थी। इसके बाद भी हत्या की वारदात हो गई, जिस पर ग्रामीण भड़क उठे और उन्होंने मौके पर पहुंचे एसपी देहात का घेराव किया। एसपी देहात ने हत्यारोपियों को जल्द गिरफ्तार करने का आश्वासन देकर शांत किया, तब जाकर करीब तीन घंटे बाद ग्रामीणों ने पुलिस को शव उठाने दिया।
लुफतुर्रहमान उर्फ लुतन गांव सीकरी का ही रहने वाला था। वह बृहस्पतिवार सुबह जंगल में मजदूरी पर बैल बुग्गी लेकर चारा काटने गया था। घटना का पता दोपहर करीब 11 बजे उस समय चला, जब बैल बुग्गी लेकर गांव में पहुंचा। चारे के ऊपर लुफतुर्रहमान का शव लहूलुहान हालत में पड़ा था। उसके सीने में दो गोली मारी गई थी। शव को घर में रखकर परिवारीजन और ग्रामीण डीजीपी को मौके पर बुलाने की मांग करने लगे। पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर ग्रामीणों के सहयोग से बदमाशों की तलाश में कांबिंग की, मगर कोई सफलता नहीं मिली। इस दौरान पुलिस को ग्रामीणों के गुस्से का सामना करना पड़ा। मौके पर पहुंचे एसपी देहात अजय सहदेव ने बड़ी मुश्किल से लोगों को समझा-बुझा कर शांत किया। बताया जा रहा है कि लुफतुर्रहमान अपहरण के एक मामले में गवाह था, लेकिन पुलिस ने इस मामले की रिपोर्ट दर्ज नहीं की थी। शाम को मृतक के भाई चांद मिया ने दिलशाद पुत्र इशरत, रुड़कली निवासी राशिद पुत्र मुसर्रफ और तीन अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। मुकदमे में जिला कारागार में बंद पूर्व प्रधान जमशेद, गुल शनव्वर, नौशाद पुत्रगण इशरत को हत्या की साजिश में शामिल होने का आरोप भी लगाया है। देर शाम एसएसपी अनंत देव ने भोपा थाने पहुंचकर घटना की जानकारी ली और घटना के खुलासे के लिए पुलिस टीम गठित की।