बुधवार को नामित सभासदों का शपथ ग्रहण कार्यक्रम था। एक सभासद को अपने साथ तीन लोगों के लाने की ही अनुमति दी गई थी ताकि शपथ ग्रहण समारोह में सोशल डिस्टेसिंग बनी रहे ओर व्यवस्था बनी रहे। नामित सभासद जब सभागार में पहुंचे तो कुछ लोग पहले ही मौजूद थे जिसमें उनके साथ आये लोगों को कुर्सी बैठने को नहीं मिली, इंद्रा मानव के साथ आई दो महिलाओं को भी बैठने को जगह नहीं मिली। इसके बाद समारोह में हंगामा खडा हो गया।
पालिका ईओ ने शासन की गाइड लाइन का हवाला देते हये अपने कार्यालय में सम्मान पूर्वक बैठाने को कहा। इस दौरान विरेंद्र चौधरी के द्वारा सभासदों के साथ आये अन्य लोगों को बैठने की व्यवस्था नहीं होने, पालिका बोर्ड बैठक में कौन लोग शामिल हुए, इसका रजिस्टर में ब्यौरा नहीं रखने व सैनिटाइजर नहीं रखने को लेकर अपनी बात रखी जिसे लेकर हंगामा खड़ा हो गया।
कहासुनी इतनी ज्यादा बढ़ गई कि पालिका ईओ अमिता वरूण बैठक को बीच में ही छोडकर चली गई। जिसके बाद सभासद व पालिका ईओ ने एक दूसरे पर आरोप प्रत्यारोप लगाते हुये थाने में तहरीर दी ओर उच्चाधिकारियों को भी अवगत कराया। नामित सभासदों ने पालिका ईओ पर अभद्रता करने का आरोप लगाया। वहीं पालिका ईओ ने भी नामित सभासदों पर अशोभनीय टिप्पणी करने का आरोप लगाया और उच्चाधिकारियों से शिकायत की।
थानाध्यक्ष ने नामित सभासदों की तहरीर पर मामले की जांच कराकर कार्रवाई कराने का आश्वासन दिया तब जाकर सभासद थाने से एसडीएम अमित कुमार भारतीय के पास पहुंचे और उन्हे भी इस संबध में ज्ञापन दिया।